गुवाहाटी, नौ जनवरी (भाषा) कांग्रेस नयी ग्रामीण रोजगार योजना वीबी-जी राम जी अधिनियम के खिलाफ राष्ट्रव्यापी आंदोलन के तहत शनिवार से असम में अपना ‘मनरेगा बचाओ आंदोलन’ शुरू करेगी। पार्टी के एक नेता ने यह जानकारी दी।
कांग्रेस की असम इकाई के प्रभारी महासचिव मनोज चौहान ने कहा कि पार्टी तब तक अपना आंदोलन जारी रखेगी जब तक कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) की जगह लेने वाले विकसित भारत – रोज़गार और आजीविका के लिए गारंटी मिशन (ग्रामीण) (वीबी-जी राम जी) को वापस नहीं लिया जाता।
चौहान ने बृहस्पतिवार को यहां कहा, ‘‘नए अधिनियम ने मनरेगा के तहत श्रमिकों को पहले से प्राप्त गारंटीकृत रोजगार को प्रभावी रूप से समाप्त कर दिया है और यह कई संवैधानिक अधिकारों को छीनने का प्रयास है। इस संदर्भ में, कांग्रेस ने देश भर में इस कदम के खिलाफ अपना आंदोलन तेज कर दिया है।’’
उन्होंने कहा कि राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शन के तहत असम में 10 जनवरी से ‘मनरेगा बचाओ आंदोलन’ शुरू किया जाएगा, जिसके तहत जिला मुख्यालयों में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएंगी।
चौहान ने कहा, ‘‘ जिला कांग्रेस प्रमुख, असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पर्यवेक्षक आदि सरकार द्वारा कार्यकर्ताओं के साथ किए गए विश्वासघात को उजागर करेंगे।’’
इस कार्यक्रम के अंतर्गत, 11 जनवरी को राज्य भर में एक दिवसीय राज्यव्यापी धरना आयोजित किया जाएगा। साथ ही 12 से 29 जनवरी तक प्रत्येक ग्राम पंचायत में विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘ कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ-साथ मनरेगा कार्यकर्ता भी इन विरोध प्रदर्शनों में भाग लेंगे। पंचायत स्तर के कार्यक्रमों के बाद, महात्मा गांधी की पुण्यतिथि के अवसर पर 30 जनवरी को एक और दिन का धरना आयोजित किया जाएगा।’’
भाषा शोभना मनीषा
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