नयी दिल्ली, एक फरवरी (भाषा) देश की सभी अधीनस्थ अदालतों के डिजिटलीकरण के उद्देश्य से विधि मंत्रालय की ई-अदालत परियोजना के महत्वाकांक्षी तृतीय चरण के लिए 2026-27 के केंद्रीय बजट में 1,200 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
बजट दस्तावेज के मुताबिक, इस परियोजना को बजट अनुमान के 1,500 करोड़ रुपये के मुकाबले 1,200 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं।
सितंबर 2023 में, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 7,210 करोड़ रुपये के वित्तीय व्यय के साथ केंद्रीय योजना के रूप में परियोजना के तीसरे चरण को मंजूरी दी थी, जिसे चार साल में लागू किया जाना है।
राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस योजना के तहत भारतीय न्यायपालिका को सूचना और संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) में सक्षम बनाने के लिए 2007 से ई-अदालत परियोजना क्रियान्वयन में है। परियोजना का दूसरा चरण 2023 में खत्म हुआ।
भाषा वैभव सुरेश
सुरेश
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
