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Monday, 30 March, 2026
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भारत-वियतनाम शांतिपूर्ण, नियम आधारित हिन्द प्रशांत के लिये मिलकर काम कर रहे : बिरला

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नयी दिल्ली, 19 अप्रैल (भाषा) लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने मंगलवार को कहा कि भारत और वियतनाम के बीच चुनौतीपूर्ण वैश्विक परिस्थितियों में आपसी सहयोग की लंबी परंपरा रही है तथा दोनों देश स्वतंत्र, शांतिपूर्ण, समृद्ध, समावेशी और नियम-आधारित हिंद-प्रशांत क्षेत्र की दिशा में आसियान के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।

ओम बिरला वियतनाम की तीन दिवसीय यात्रा पर गए भारतीय संसदीय शिष्टमंडल का नेतृत्व कर रहे हैं ।

लोकसभा सचिवालय के बयान के अनुसार, लोकसभा अध्यक्ष बिरला ने अपनी यात्रा के पहले दिन हनोई पहुंचने पर वियतनाम के राष्ट्रपति गुयेन जुआन फुक, प्रधानमंत्री फाम मिन्ह चिन और वियतनाम की नेशनल असेंबली के अध्यक्ष वुओंग दीन्ह ह्यू से मुलाकात की। बिरला ने कहा कि भारत और वियतनाम के बीच मजबूत द्विपक्षीय रक्षा सहयोग अंतर्राष्ट्रीय शांति, क्षेत्रीय सुरक्षा और समृद्धि में योगदान प्रदान करेगा

बिरला ने कहा, ‘‘ भारत और वियतनाम ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अस्थायी सदस्यों के रूप में वैश्विक मुद्दों को उठाने में एक-दूसरे का सहयोग किया है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ दोनों देश स्वतंत्र, शांतिपूर्ण, समृद्ध, समावेशी और नियम-आधारित हिंद-प्रशांत क्षेत्र की दिशा में आसियान के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।’’

बिरला ने कहा कि हिंद प्रशांत सागरीय पहल (आईपीओआई) और हिन्द प्रशांत की सोच (एओआईपी) पर आसियान की दृष्टि के जरिये इस क्षेत्र में शांति और सहयोग बढ़ा है। दोनों देशों के बीच नियमित द्विपक्षीय संसदीय आदान-प्रदान पर जोर देते हुए बिरला ने कहा कि नियमित दौरे विचारों को साझा करने और विधायी सहयोग को मजबूत करने का अवसर प्रदान करते हैं।

उन्होंने बताया कि इस उद्देश्य के लिए दोनों देशों की संसदों के बीच आपसी संबंधों को एक नया आयाम प्रदान करने के लिए भारत-वियतनाम मैत्री समूह का गठन किया जा रहा है।

बिरला ने कहा कि दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंध 2016 में एक ‘समग्र सामरिक गठजोड़’ में बदला। उन्होंने कहा कि शांति एवं समृद्धि की संयुक्त दृष्टि को गुयेन जुआन फुक और प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 2021 में अनुमोदित किया गया था।

बिरला ने कहा कि व्यापक रणनीतिक साझेदारी में राजनीतिक संबंध, व्यापार और निवेश , ऊर्जा सहयोग, विकास के लिए साझेदारी और रक्षा सहयोग शामिल हैं।

लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि भारत और वियतनाम के बीच चुनौतीपूर्ण वैश्विक परिस्थितियों में आपसी सहयोग की लंबी परंपरा रही है और कोविड-19 महामारी के विरुद्ध संघर्ष में, दोनों ने एक दूसरे का सहयोग किया ।

उन्होंने कहा कि भारत और वियतनाम के आर्थिक संबंधों में पिछले कुछ वर्षों में वृद्धि हुई है तथा कोविड महामारी के कारण हुए व्यवधान के बावजूद, दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार पिछले वर्ष 13 अरब डॉलर से अधिक रहा।

भाषा दीपक रंजन पवनेश

पवनेश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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