scorecardresearch
Saturday, 14 March, 2026
होमदेशजम्मू-कश्मीर में प्रधानमंत्री के दौरे से पहले राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग की

जम्मू-कश्मीर में प्रधानमंत्री के दौरे से पहले राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग की

Text Size:

जम्मू, 23 अप्रैल (भाषा) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे के एक दिन पहले मुख्यधारा के राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों के एक मोर्चा ने शनिवार को जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा और क्षेत्र में लोकतंत्र की तत्काल बहाली की मांग की। इस मोर्चा में कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) भी शामिल हैं।

द ऑल पार्टीज यूनाइटेड मोर्चा (एपीयूएम) में कांग्रेस और नेकां के अलावा माकपा, भाकपा, डोगरा सदर सभा, यूनाइटेड पीस एलायंस और इंटनेशनलिस्ट डेमोक्रेटिक पार्टी शामिल हैं। मोर्चा ने जम्मू-कश्मीर के लिए परिसीमन आयोग द्वारा तैयार मसौदा प्रस्ताव में खामियों को दूर करने के लिए प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया।

संयुक्त संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए मोर्चा के नेताओं ने जम्मू के सुंजवान में सुरक्षा बलों के बस पर आतंकवादियों द्वारा किए गए हमले में मारे गए सीआरपीएफ के अधिकारी को श्रद्धांजलि देने के लिए दो मिनट का मौन रखा। इनमें कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता और पूर्व विधायक रवीन्द्र शर्मा, पूर्व सांसद शेख अब्दुल रहमान और पूर्व मंत्री व नेकां नेता राम पॉल शामिल थे।

हमले के बाद पांच घंटों तक चली मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद के आत्मघाती दस्ते के दो सदस्य भी मारे गए।

शर्मा ने कहा कि मोर्चा ने पिछले सप्ताह चर्चा की और तय किया है कि एक साथ आकर राज्य का दर्जा बहाल करने संबंधी प्रधानमंत्री का वादा उन्हें याद दिलाया जाए। प्रधानमंत्री रविवार को जम्मू-कश्मीर आ रहे हैं।

शर्मा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा और लोकतंत्र बहाली की मांग पर सभी पार्टियां एकमत हैं।

जम्मू-कश्मीर के लिए परिसीमन आयोग की मसौदा रिपोर्ट को खारिज करते हुए कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘यह लोगों के साथ बड़ा फर्जीवाड़ा है, क्योंकि उसमें कई खामियां हैं और रिपोर्ट जमीनी हकीकत से मेल नहीं खाती और इससे जनता को परेशानी होगी।’’

नेशनल पैंथर्स पार्टी के नेता और पूर्व मंत्री हर्षदेव सिंह ने जम्मू-कश्मीर में लगातार बढ़ रही बेरोजगारी की ओर प्रधानमंत्री का ध्यान आकर्षित किया और उनसे केंद्रशासित प्रदेश के शिक्षित बेरोजगारों तथा अर्द्ध बेरोजगारों की समस्या का समाधान करने की अपील की।

भाषा अर्पणा दिलीप

दिलीप

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments