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Monday, 2 February, 2026
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ओबीसी क्रीमी लेयर को आर्थिक आधार पर निर्धारित करना भाजपा के लिए बिहार में भारी पड़ेगा

केंद्र सरकार ओबीसी रिजर्वेशन से जुड़े क्रीमी लेयर के प्रावधानों में बदलाव करने जा रही है. इनके लागू होने से बड़ी संख्या में ओबीसी आरक्षण के दायरे से बाहर हो जाएंगे.

अखिलेश यादव, ममता बनर्जी, सीताराम येचुरी और तेजस्वी यादव की राजनीति पर आरएसएस विरोधवाद हावी है

यदि भारत में आज सत्ता के अलावा विपक्ष को एकजुट करने वाला कोई कारक है तो वो है राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) या उसके प्रति नफरत.

भगवती चरण वर्मा के ‘दो बांके’ की तरह ट्रंप और मोदी मिलेंगे ताकि अपने देशों पर वे अपना दबदबा दिखा सकें

अपने बांके को पता लग गया है की असली बांकपन इस देश में तब तक नहीं दिखता जब तक बांके का एक गोरा दोस्त ना हो. वह दोस्त अगर गोरे देश का गोरा राष्ट्रपति हो तो सोने पे सुहागा.

भारत की अनाकर्षक राजनीतिक अर्थव्यवस्था के कारण अमीर देश छोड़ रहे हैं तो वहीं अर्थशास्त्री लौट नहीं रहे

एक समय था जब मोंटेक सिंह, मनमोहन सिंह, बिमल जालान सरीखे अर्थशास्त्री विदेश की आकर्षक नौकरी छोड़ स्वदेश लौटे थे, आज अच्छे ओहदों पर बैठे हुनरमंद अमीर प्रोफेशनल्स भारत की अनाकर्षक राजनीतिक अर्थव्यवस्था के कारण देश छोड़ रहे हैं या उससे दूर रह रहे हैं

मुलायम को क्लिंटन से जोड़ने वाले अमर सिंह को इंतज़ार है बिग बी के कॉल का

अमर सिंह जैसे बिचौलिए अब नहीं होते. पर एक दौर था, जब अमर सिंह आपके साथ होते तो आपके लिए कुछ भी संभव था, कुछ भी किया जा सकता था.

भारतीयों के लिए इनकम टैक्स देना उनकी शान के खिलाफ क्यों है

2018-19 के दौरान भरी गई इनकम टैक्स रिटर्नों से पता चलता है कि मात्र कुल 5.78 करोड़ हिन्दुस्तानियों ने ही अपनी इनकम टैक्स रिटर्न को भरा. इनमें से 1.03 करोड ने तो अपनी आय ढाई लाख रुपए या इससे भी कम दिखाई.

भारत अमेरिका के बीच हुआ एक सौदा जिसके मिले छह फायदे- वामपंथियों का भी हुआ सफाया

भारत और अमेरिका के बीच हुई परमाणु संधि दोनों देशों के रिश्ते में आए नये बदलाव की सबसे बड़ी उपलब्धि इसलिए भी है कि इसने वामपंथ की पोल खोल कर उसे ध्वस्त किया और भारत की राजनीतिक अर्थनीति को नयी दिशा दी

भारत बन गया विश्वगुरू, ट्रंप को लगा दी जॉर्ज पंचम की आंख

मरी हुई यमुना में शुद्ध जल बहने लगा है और गरीबी को एक दीवार में चुन दिया गया है. एक सप्ताह के अंदर इतिहास, पर्यावरण, अर्थव्यवस्था और समाज पर ऐसा नियंत्रण किसी देश ने किया होगा क्या?

संविधान और लोकतंत्र की कीमत पर योगी का रामराज्य आएगा तो क्या होगा

योगी कह रहे हैं कि देश को समाजवाद की जरूरत ही नहीं है तो कोई उन्हें यह याद दिलाने वाला नहीं है कि समाजवाद देश के संविधान के गिने-चुने पवित्र मूल्यों में से एक है, जिसमें निष्ठा की शपथ लेकर वे सत्तासीन हुए हैं.

इमरान ख़ान का नया पाकिस्तान दरअसल नया उत्तर कोरिया बनता जा रहा है

विपक्ष में रहते हुए ख़ान ने नवाज़ शरीफ़ को सोशल मीडिया पर रोक लगाए जाने पर विरोध प्रदर्शनों की चेतावनी दी थी. प्रधानमंत्री बनने के बाद उन्होंने इस मुद्दे पर भी यू-टर्न ले लिया है.

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चंबल अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का समापन

कोटा, एक फरवरी (भाषा) चंबल अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का नौंवां संस्करण रविवार को यहां संपन्न हुआ, जिसमें राजस्थान में फिल्म निर्माण को बढ़ावा देने...

लास्ट लाफ

सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

दिप्रिंट के संपादकों द्वारा चुने गए दिन के सर्वश्रेष्ठ कार्टून.