पीएम मोदी ने कहा कि यूक्रेन-रूस के हालिया स्थितियों ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर स्थिरता पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है. इस संबंध में अब यह काफी जरूरी हो गया है कि क्षेत्रीय सहयोग किया जाए.
भारत में स्टेनलेस स्टील इंडस्ट्री सबसे ज़्यादा निकेल का आयात करती है. रूस और यूक्रेन के बीच छिड़े युद्ध की वजह से इसके दाम तेजी से बढ़े हैं. ऐसे में भारतीय निर्माताओं ने बढ़ती कीमतों से निपटने के लिए कुछ हद तक तोड़ निकाल लिया है.
एक पक्ष सोचता है कि आज भारत अपनी हैसियत से ज्यादा आगे बढ़कर कदम उठा रहा है, जबकि दूसरा पक्ष सोचता है कि मोदी ने भारत की हैसियत कमजोर कर दी है और भारत अपनी हैसियत से कम कदम उठा रहा है. सच यह है कि दोनों ही गलत हैं.