बढ़ते तापमान और कम बारिश ने भारत में आम के उत्पादन को बुरी तरह प्रभावित किया है. पिछले साल गुजरात में आम की जिस दस किलो की पेटी की कीमत 400-600 रुपये थी, आज वही पेटी 1,100-1,450 रुपये में बिक रही है.
लोकतंत्र की ‘रेटिंग’ करना एक जोखिम भरा काम है. मैं केवल इस सीधी-सी कसौटी को लागू करता हूं—कहां सबसे शांतिपूर्वक तथा सामान्य ढंग से राजनीतिक सत्ता का निरंतरता के साथ बदलाव होता रहा है.