कश्मीर जोन पुलिस के अनुसार, आतंकवादी की पहचान अकीब मुश्ताक भट के रूप में हुई है, जो द रेजिस्टेंस फ्रंट के लिए काम करता था. वह पहले पाकिस्तान स्थित हिजबुल मुजाहिदीन आतंकी संगठन से जुड़ा हुआ था.
औपनिवेशिक खुफिया तंत्र क्रांतिकारियों को व्यक्ति के रूप में नहीं बल्कि खतरे के रूप में दर्ज करता था. ऐसा करके उसने कई ज़िंदगियों को इतिहास से निष्कासित कर दिया.