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Sunday, 26 April, 2026
होमराजनीतिके. कविता ने ‘तेलंगाना राष्ट्र सेना’ लॉन्च की, कहा— 'कुछ लोगों की गलतियों का प्रायश्चित कर रही हूं'

के. कविता ने ‘तेलंगाना राष्ट्र सेना’ लॉन्च की, कहा— ‘कुछ लोगों की गलतियों का प्रायश्चित कर रही हूं’

उन्होंने कहा कि उनकी TRS, ‘भ्रष्ट’ कांग्रेस सरकार, ‘पटरी से उतरी’ BRS और ‘उदासीन’ BJP का एक विकल्प होगी—वह BJP जो ‘कभी नहीं चाहती थी’ कि तेलंगाना एक अलग राज्य बने.

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हैदराबाद: निज़ामाबाद की पूर्व सांसद कलवाकुंतला कविता, जो पूर्व मुख्यमंत्री और तेलंगाना राष्ट्र समिति (TRS) के संस्थापक के. चंद्रशेखर राव (KCR) की बेटी हैं, ने शनिवार को एक नई राजनीतिक पार्टी लॉन्च की. यह कदम BRS (पहले TRS) से कथित पार्टी-विरोधी गतिविधियों के आरोप में निलंबित किए जाने के 10 महीने बाद उठाया गया है.

दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने अपनी पार्टी का नाम TRS—तेलंगाना राष्ट्र सेना—रखा और भारत राष्ट्र समिति (BRS) में अपने अलग हो चुके परिवार के सदस्यों और पूर्व पार्टी सहयोगियों को चुनौती दी.

मुनीराबाद में लॉन्च के दौरान “जय तेलंगाना” और “TRS जिंदाबाद” के ज़ोरदार नारों के बीच, कविता ने अपनी पार्टी का झंडा और चुनाव चिह्न जारी किया.

मेडचल-मलकाजगिरी ज़िले के एक कन्वेंशन सेंटर के खचाखच भरे हॉल में, जिसकी क्षमता 50,000 लोगों की है, 48 वर्षीय इस नेता ने उत्साहित भीड़ को संबोधित करते हुए कहा कि वह राज्य की 3.5 करोड़ आबादी की सेवा “माँ के रूप में” करने के लिए तेलंगाना राष्ट्र सेना शुरू कर रही हैं.

“तेलंगाना राष्ट्र सेना एक गहरे उद्देश्य के साथ सामने आई है. हम सुशासन के माध्यम से और जन आंदोलनों को संवैधानिक राजनीतिक शक्ति के साथ मिलाकर एक परिवर्तनकारी बदलाव लाने के लिए यहां हैं. तभी हमें सामाजिक न्याय और एक ऐसा तेलंगाना मिल पाएगा जिसकी हम सभी ने कल्पना की है,” उन्होंने मंच से बाहर निकले हुए एक रैंप के किनारे खड़े होकर ज़ोरदार शब्दों में कहा.

उन्होंने उन क्रांतिकारियों को श्रद्धांजलि दी जिन्होंने तेलंगाना को अलग राज्य बनाने के आंदोलन के लिए संघर्ष किया, लेकिन अपने पिता KCR का ज़िक्र केवल नाममात्र के लिए ही किया.

कविता ने अपनी पार्टी की पांच मुख्य प्राथमिकताओं की रूपरेखा पेश की—शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, रोज़गार, किसान कल्याण और सामाजिक न्याय—और इन्हें ‘पांचजन्य सुधार’ नाम दिया; यह शब्द भगवान कृष्ण के शंख से लिया गया है.

ये विशिष्ट वादे मार्च में उनकी उस घोषणा के बाद आए हैं, जिसमें उन्होंने कहा था कि उनकी पार्टी—जो उस समय तक बनी नहीं थी—सार्वभौमिक उत्थान और कल्याण के लिए काम करेगी, जिसमें समावेशी विकास और आत्मनिर्भरता मुख्य सिद्धांत होंगे.

“आइए, हम इन पांच मुख्य पहलुओं पर अपना संघर्ष जारी रखें. हमारी सरकार सत्ता में आएगी. मैं आप सबके लिए एक मां जैसी हूं; मैं अपनी जेबें नहीं देखूँगी, मैं आप सबके कल्याण का ध्यान रखूंगी,” उन्होंने कहा.

K Kavitha launched her Telangana Rashtra Sena at a convention centre of 50,000 capacity in Medchal-Malkajgiri district on Saturday. | By special arrangement
के. कविता ने शनिवार को मेडचल-मलकाजगिरी ज़िले में 50,000 लोगों की क्षमता वाले एक कन्वेंशन सेंटर में अपनी ‘तेलंगाना राष्ट्र सेना’ लॉन्च की | विशेष व्यवस्था के तहत

TRS एक गहरे उद्देश्य के साथ आई है. ‘हम यहाँ सुशासन के ज़रिए बदलाव लाने के लिए हैं’, लॉन्च के मौके पर के. कविता ने कहा. | विशेष व्यवस्था के तहत
TRS एक गहरे मकसद के साथ आई है. ‘हम यहाँ सुशासन के ज़रिए बदलाव लाने के लिए हैं’, लॉन्च के मौके पर के. कविता ने कहा. | विशेष व्यवस्था के तहत

कविता ने कहा कि उनकी पार्टी TRS, “मौजूदा भ्रष्ट कांग्रेस” सरकार, “पटरी से उतरी हुई” BRS जिसने तेलंगाना की जनता को “निराश” किया है, और “उदासीन” BJP जो आंध्र प्रदेश से अलग एक राज्य “कभी नहीं चाहती थी”, इन सभी के विकल्प के तौर पर उभरेगी.

‘भ्रष्ट’ पिता के खिलाफ जंग का ऐलान

अपने पिता और BRS अध्यक्ष KCR पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, “KCR अब पहले जैसे नहीं रहे. पहले वाले KCR लोगों की परवाह करते थे, लोगों के लिए लड़ते थे और उनकी समस्याओं को हल करवाते थे. उनका दिल नेक था. सत्ता ने उन्हें भ्रष्ट कर दिया है. KCR का अपने राजनीतिक बयानों पर से नियंत्रण खत्म हो गया है. इसलिए, मैं उनसे लड़ूंगी. मैं तेलंगाना की जनता के लिए जंग छेड़ूंगी, और इस पर कोई समझौता नहीं होगा.”

Kavitha outlined 5 priorities her party would champion, calling them ‘Panchajanya Reform’, a term drawn from Lord Krishna’s conch.| By special arrangement
कविता ने अपनी पार्टी की 5 प्राथमिकताओं की रूपरेखा पेश की, जिन्हें उन्होंने ‘पांचजन्य सुधार’ नाम दिया; यह शब्द भगवान कृष्ण के शंख से लिया गया है. | विशेष व्यवस्था 

यह स्वीकार करते हुए कि वह उस परिवार का हिस्सा थीं जिसने राज्य पर शासन किया, कविता ने तेलंगाना की जनता से 10 साल के BRS शासन के दौरान “कुछ लोगों” द्वारा किए गए “गलत कामों” के लिए बिना शर्त माफी मांगी; यहाँ उनका परोक्ष इशारा अपने भाई KT रामा राव और चचेरे भाइयों T हरीश राव और J संतोष राव की ओर था.

उन्होंने कहा कि वह “गलत कामों का प्रायश्चित करने” के लिए इस पार्टी का गठन कर रही हैं.

कविता ने कहा कि अगर उन्हें सत्ता में चुना जाता है, तो समाज के सभी वर्गों का ध्यान रखा जाएगा और उनकी ज़रूरतों को पूरा किया जाएगा.

“तेलंगाना का ‘रथ’ इस समय पटरी से उतर गया है. हम सभी का मानना था कि एक अलग राज्य बनने से हम अपनी बेड़ियों से आज़ाद हो जाएंगे. इसके विपरीत, किसान परेशान हैं, दलित परेशान हैं, और यहां तक कि व्यक्तिगत स्वतंत्रता भी लगातार खतरे में है; तेलंगाना का हर एक नागरिक सत्ता में बैठे लोगों की क्रूरता और लापरवाही का शिकार हो रहा है. अपने सपनों को साकार करने और अपनी आकांक्षाओं को पंख देने के लिए राजनीतिक सत्ता ज़रूरी है.”

Kavitha said all sections of society would be cared for and provided for if she were voted to power. | By special arrangement
कविता ने कहा कि अगर उन्हें सत्ता में चुना जाता है, तो समाज के सभी वर्गों का ध्यान रखा जाएगा और उनकी ज़रूरतों को पूरा किया जाएगा. | विशेष व्यवस्था 

दो राष्ट्रीय पार्टियों—कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (BJP)—और BRS पर राज्य के लोगों से किए गए तीन वादों (नील्लू, निधुलु, नियमकालु—पानी, फंड और नौकरियां) को “पूरा न कर पाने” का आरोप लगाते हुए, कविता ने कहा कि वह एक ऐसा शासन मॉडल स्थापित करना चाहती हैं जो ‘मां के शासन’ जैसा हो.

उन्होंने कहा, “मां का शासन बिना शर्त, विचारशील और देने वाला होता है,” और आरोप लगाया कि राज्य में एक के बाद एक आई सरकारें किसानों, युवाओं, उद्योगपतियों और हाशिए पर पड़े समुदायों की उम्मीदों को पूरा करने में नाकाम रही हैं.

परिवार से मनमुटाव

सितंबर 2025 में, कविता के पिता और BRS प्रमुख के. चंद्रशेखर राव ने उन्हें “पार्टी विरोधी” गतिविधियों के लिए निलंबित कर दिया. यह निलंबन इसलिए हुआ क्योंकि पार्टी के नेताओं ने खुले तौर पर कविता के कामों को “पार्टी विरोधी” बताया और उनके पार्टी में बने रहने को पार्टी के हितों के लिए नुकसानदेह माना.

निलंबन से पहले, अपने पिता को लिखे एक खुले पत्र में, कविता ने अपने चचेरे भाइयों—जे. संतोष राव और टी. हरीश राव—को इस बात के लिए ज़िम्मेदार ठहराया था कि वे उनके पिता को कालेश्वरम लिफ्ट सिंचाई परियोजना विवाद से बचाने में नाकाम रहे.

उन्होंने कहा कि उनके चचेरे भाइयों ने सत्ताधारी कांग्रेस के साथ मिलकर “संपत्ति जमा करने और KCR की छवि खराब करने” की साज़िश रची थी. उन्होंने BRS के भीतर चल रहे आपसी मनमुटाव को लेकर अपने भाई, केटी रामा राव पर भी परोक्ष रूप से निशाना साधा.

BRS से निलंबित होने के बाद भी, कविता सार्वजनिक कार्यक्रमों में आती रहीं और BRS की सांस्कृतिक शाखा—तेलंगाना जागृति—की अध्यक्ष के तौर पर कई क्षेत्रीय और राष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी राय रखती रहीं; इस पद पर वह तब भी बनी हुई थीं.

(इस रिपोर्ट को अंग्रेज़ी में पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें)


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