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Saturday, 25 April, 2026
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इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने बाराबंकी में शिक्षक की ‘पुनर्बहाली’ के मामले में जांच के आदेश दिए

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लखनऊ, 24 अप्रैल (भाषा) इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने बाराबंकी के सिटी इंटरमीडिएट कॉलेज में एक शिक्षक की ‘पुनर्बहाली’ में कथित अनियमितताओं की विशेष कार्यबल (एसटीएफ) से जांच कराने का आदेश शुक्रवार को दिया।

उच्च न्यायालय ने टिप्पणी की कि प्रथम दृष्टया यह पुनर्बहाली अवैध प्रतीत होती है। इसी के साथ विवादित अवधि के दौरान शिक्षक को दिए गए वेतन की वसूली का भी निर्देश दिया।

न्यायमूर्ति राजीव सिंह की पीठ ने कॉलेज प्रबंधन समिति द्वारा दायर याचिका पर यह आदेश पारित किया।

अदालत ने बाराबंकी के जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस), कॉलेज के प्राचार्य और संबंधित शिक्षक की भूमिका पर संदेह व्यक्त करते हुए मामले की विस्तृत जांच का निर्देश दिया।

रिकॉर्ड में कथित हेरफेर और भ्रामक प्रस्तुतियों पर संज्ञान लेते हुए अदालत ने निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए बाराबंकी डीआईओएस को तत्काल स्थानांतरित करने का आदेश दिया।

एकल पीठ ने अयोध्या मंडल के तत्कालीन संयुक्त शिक्षा निदेशक के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही शुरू करने का भी निर्देश दिया।

अदालत ने पाया कि शिक्षक अभय कुमार को शुरुआत में 2018 में सहायक शिक्षक के रूप में नियुक्त किया गया था, लेकिन प्रबंधन से अनुमति प्राप्त किए बिना जून 2024 में उन्होंने छत्तीसगढ़ के एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय में व्याख्याता का पदभार ग्रहण कर लिया। सहायक शिक्षक के पद पर बने रहने के अभय कुमार के बाद के अनुरोध को अस्वीकार कर दिया गया था।

इसके बावजूद, संयुक्त शिक्षा निदेशक और डीआईओएस के निर्देश पर उन्हें सितंबर 2025 में बाराबंकी कॉलेज में फिर से अपनी सेवा देने की अनुमति दी गई, और यहां तक कि अक्टूबर 2025 के लिए वेतन का भुगतान भी किया गया।

अदालत ने पुनर्बहाली को ‘पूरी तरह से अवैध’ और किसी भी कानूनी आधार का अभाव बताया।

पीठ ने शिक्षा विभाग के भीतर संवाद में खामियों पर भी चिंता व्यक्त की और मुख्य सचिव को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि विवादों को रोकने के लिए आधिकारिक आदेशों को ईमेल और व्हाट्सऐप के माध्यम से भी संप्रेषित किया जाए।

उच्च न्यायालय ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 28 मई, 2026 की तारीख तय की है। अदालत ने अगली सुनवाई के दौरान उसके निर्देशों पर अनुपालन रिपोर्ट जमा करने को कहा है।

भाषा सं जफर धीरज

धीरज

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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