नयी दिल्ली, 27 मार्च (भाषा) दिल्ली के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने अब निरस्त की जा चुकी आबकारी नीति पर कैग की रिपोर्ट का हवाला देते हुए शुक्रवार को विधानसभा में आरोप लगाया कि पिछली सरकार द्वारा ‘‘जानबूझकर नीति में हेरफेर’’ किया गया। सिरसा ने दावा किया कि इससे 2,000 करोड़ रुपये का राजस्व नुकसान हुआ तथा चुनिंदा निजी संस्थाओं को अनुचित लाभ मिला।
सिरसा ने जोर देकर कहा कि नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट के निष्कर्ष, लोक लेखा समिति द्वारा की गई टिप्पणियों के साथ कई विभागों में व्यापक खामियों की ओर इशारा करते हैं, जिनमें आबकारी नीति सबसे स्पष्ट उदाहरणों में से एक है।
कैग की रिपोर्ट स्पष्ट रूप से स्थापित करती है कि यह कोई नीतिगत त्रुटि नहीं बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी। शिक्षा से लेकर स्वास्थ्य सेवा, परिवहन से लेकर बिजली तक, विभिन्न विभागों में अनियमितताएं सामने आई हैं।
भाषा यासिर संतोष
संतोष
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
