कोलंबो, 31 अक्टूबर (भाषा) भारत और श्रीलंका ने प्रस्तावित द्विपक्षीय पावर ग्रिड संपर्क परियोजना को लागू करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए बृहस्पतिवार को बैठक की। भारतीय उच्चायोग ने यहां शुक्रवार को यह जानकारी दी।
उच्चायोग ने बताया कि दोनों देशों के वरिष्ठ बिजली अधिकारियों ने बैठक में परियोजना से जुड़े कार्यान्वयन संबंधी पहलुओं पर चर्चा की।
इससे पहले, 16 जून 2025 को नयी दिल्ली में दोनों देशों ने ‘पावर ग्रिड इंटरकनेक्शन’ के तकनीकी मानक तय किए थे।
यह पारेषण लाइन श्रीलंका को बिजली की कमी के दौरान बिजली आयात करने और नवीकरणीय ऊर्जा का निर्यात करने में सक्षम बनाएगी, जिससे विदेशी मुद्रा भी अर्जित होगी।
एक विज्ञप्ति में कहा गया कि इससे निर्यात और ऊर्जा स्रोतों में विविधता लाने, ग्रिड स्थिरता में सुधार लाने और क्षेत्रीय बिजली बाजार में एकीकरण के नए अवसर भी खुलेंगे।
भाषा योगेश पाण्डेय
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