नयी दिल्ली, 15 अक्टूबर (भाषा) देश का वस्तु निर्यात सितंबर में 6.74 प्रतिशत बढ़कर 36.38 अरब डॉलर हो गया, जबकि आयात 16.6 प्रतिशत बढ़ा जिससे व्यापार घाटा बढ़कर 32.15 अरब डॉलर पर पहुंच गया। यह व्यापार घाटे का एक साल का सबसे ऊंचा स्तर है।
बुधवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, सोना, उर्वरक और चांदी के आयात में वृद्धि से देश का आयात सितंबर में बढ़कर 68.53 अरब डॉलर हो गया, जबकि पिछले साल इसी महीने में यह 58.74 अरब डॉलर था।
संचयी रूप से अप्रैल-सितंबर में निर्यात 3.02 प्रतिशत बढ़कर 220.12 अरब डॉलर हो गया, जबकि आयात 4.53 प्रतिशत बढ़कर 375.11 अरब डॉलर हो गया।
इस दौरान कुल व्यापार घाटा बढ़कर 154.99 अरब डॉलर हो गया।
आंकड़ों के बारे में मीडिया को जानकारी देते हुए वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने कहा कि वैश्विक आर्थिक उथल-पुथल के बावजूद भारत का माल एवं सेवा निर्यात अच्छा प्रदर्शन कर रहा है।
निर्यात में वृद्धि के कारण के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि घरेलू उद्योग मजबूत रहा है।
उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘वे अपनी आपूर्ति श्रृंखला और व्यापारिक संबंध बनाए हुए हैं।’’
अमेरिका द्वारा भारतीय वस्तुओं पर लगाए गए 50 प्रतिशत शुल्क के प्रभाव के बारे में उन्होंने कहा कि मंत्रालय अलग-अलग सामान के हिसाब से आंकड़ों का विश्लेषण कर रहा है।
उन्होंने कहा कि अभी भी अमेरिका को होने वाला भारत का 45 प्रतिशत निर्यात उच्च शुल्क के दायरे से बाहर है।
भाषा योगेश अजय
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