मुंबई, सात अक्टूबर (भाषा) महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने मंगलवार को एक नई रत्न एवं आभूषण नीति को मंजूरी दी। इसके तहत एक लाख करोड़ रुपये का निवेश जुटाने और पांच लाख रोजगार के अवसर पैदा करने का लक्ष्य तय किया गया है।
मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के कार्यालय ने एक बयान में कहा कि इस नीति का उद्देश्य हीरे और कीमती रत्नों के अलावा सोने और चांदी के आभूषणों से संबंधित व्यवसायों को बढ़ावा देना है।
बयान में कहा गया कि नीति के तहत एक लाख करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित करने और इस क्षेत्र में पांच लाख नए रोजगार पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार मंत्रिमंडल ने कपड़ा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए एकीकृत और टिकाऊ वस्त्र नीति 2023-28 के तहत निजी कताई मिलों को तीन रुपये प्रति यूनिट बिजली सब्सिडी देने का फैसला किया है। इससे उन्हें सहकारी मिलों के बराबर लाया जा सकेगा।
यह सब्सिडी औद्योगिक समूहों में संचालित कताई मिलों को भी मिलेगी।
मंत्रिमंडल ने एक अन्य योजना को मंज़ूरी दी, जिसका उद्देश्य मुंबई में झुग्गी बस्तियों को बेहतर जीवन स्थितियों के साथ एकीकृत आवास परियोजनाओं के रूप में फिर से विकसित करना और शहरी बुनियादी ढांचे में सुधार करना है।
एक अन्य फैसले में मंत्रिमंडल ने 424 शहरी स्थानीय निकायों के लिए एक राज्यव्यापी योजना को मंजूरी दी, जिसके तहत अपशिष्ट जल शोधन और उसके फिर से उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा।
भाषा पाण्डेय रमण
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