(अदिति खन्ना)
लंदन, 30 सितंबर (भाषा) राष्ट्रमंडल के स्वतंत्र चुनाव पर्यवेक्षक समूह ने मंगलवार को जारी एक रिपोर्ट में कहा कि इमरान खान की पार्टी को चुनाव चिह्न ‘क्रिकेट का बल्ला’ आवंटित नहीं किए जाने सहित कई कारकों ने पाकिस्तान के 2024 के आम चुनावों के दौरान चुनावी प्रक्रिया की ‘विश्वसनीयता, पारदर्शिता और समावेशिता’ को प्रभावित किया है।
नाइजीरिया के पूर्व राष्ट्रपति गुडलक जोनाथन के नेतृत्व में 13 सदस्यीय राष्ट्रमंडल पर्यवेक्षक समूह (सीओजी) की बैठक पाकिस्तान निर्वाचन आयोग (ईसीपी) के निमंत्रण पर राष्ट्रमंडल सचिवालय द्वारा बुलाई गई थी।
अपनी अंतिम रिपोर्ट में, समूह ने उन परिस्थितियों पर प्रकाश डाला जो मौलिक राजनीतिक अधिकारों को सीमित करती प्रतीत होती थीं और खान की पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) पार्टी की निष्पक्ष चुनाव लड़ने की क्षमता को प्रभावित करती थीं।
इसके अतिरिक्त, रिपोर्ट चुनाव की रात मोबाइल सेवाओं के बंद होने की ओर भी इशारा करती है, जिससे प्रक्रिया की पारदर्शिता कम होती है और परिणाम प्राप्त करने की दक्षता प्रभावित होती है।
जोनाथन ने कहा, ‘‘हमने चुनाव-पूर्व अवधि में कई ऐसे कारकों पर चिंता व्यक्त की, जिनका समान अवसर पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ा, जिनमें सबसे महत्वपूर्ण थे पीटीआई को बल्ला चुनाव चिह्न आवंटित न किया जाना और पीटीआई उम्मीदवारों का निर्दलीय के रूप में पंजीकरण।’’
उन्होंने कहा, ‘‘चिंता के अन्य मुद्दों में अदालतों के कुछ फैसले शामिल थे, जिनमें इमरान खान से संबंधित फैसले भी शामिल थे, जिन्हें चुनाव से कुछ दिन पहले तीन अलग-अलग मामलों में दोषी ठहराया गया था। मौलिक राजनीतिक अधिकारों पर भी प्रतिबंध थे, जिनमें संघ बनाने और एकत्र होने की स्वतंत्रता भी शामिल थी। इन प्रतिबंधों को पीटीआई और उसके समर्थकों ने सबसे ज़्यादा महसूस किया।’’
भाषा वैभव अविनाश
अविनाश
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