नयी दिल्ली, तीन सितंबर (भाषा) केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय ने ओडिशा के रायगढ़ और कालाहांडी जिलों में सिजिमाली बॉक्साइट खदानों के लिए 700 हेक्टेयर से अधिक वन भूमि को हस्तांतरित करने के वेदांता लिमिटेड के प्रस्ताव पर फैसला टाल दिया है।
सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार, मंत्रालय ने सामुदायिक सहमति, प्रतिपूरक वनरोपण और पारिस्थितिक जोखिमों से जुड़े अनसुलझे मुद्दों का हवाला देते हुए यह फैसला टाल दिया।
मंत्रालय की वन सलाहकार समिति (एफएसी) की बैठक 25 अगस्त को हुई थी।
एफएसी ने कहा कि ओडिशा द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट में ग्रामीणों एवं याचिकाकर्ताओं द्वारा ओडिशा उच्च न्यायालय के समक्ष उठाई गई चिंताओं पर कोई टिप्पणी नहीं की गई है।
इस फैसले का मतलब है कि ओडिशा में वेदांता की पहली बॉक्साइट खदान का काम तब तक स्थगित रहेगा जब तक राज्य समिति द्वारा चिन्हित कमियों को दूर नहीं किया जाता। खदान में 31.1 करोड़ टन भंडार होने का अनुमान है।
भाषा निहारिका अजय
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