नयी दिल्ली, एक फरवरी (भाषा) वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को लिथियम-आयन बैटरी के उत्पादन में इस्तेमाल होने वाले पूंजीगत सामान पर शुल्क छूट बढ़ाने का प्रस्ताव रखा।
इस कदम का मकसद इलेक्ट्रिक वाहनों और मोबाइल फोन में एक प्रमुख घटक लिथियम-आयन बैटरी के घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना है।
उन्होंने कहा, ”मैं छूट प्राप्त पूंजीगत वस्तुओं की सूची में ईवी बैटरी विनिर्माण के लिए 35 अतिरिक्त पूंजीगत सामान और मोबाइल फोन बैटरी विनिर्माण के लिए 28 अतिरिक्त पूंजीगत सामान जोड़ने का प्रस्ताव करती हूं।”
वित्त मंत्री ने अपना रिकॉर्ड आठवां लगातार बजट पेश करते हुए कहा कि इससे मोबाइल फोन और इलेक्ट्रिक वाहनों दोनों के लिए लिथियम-आयन बैटरी के घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा मिलेगा।
ग्रांट थॉर्नटन इंडिया के भागीदार और वाहन तथा ईवी उद्योग के प्रमुख साकेत मेहरा ने कहा कि लिथियम पर सीमा शुल्क में कमी से भारत में लिथियम-आयन बैटरी के निर्माण के लिए लागत में काफी कमी आएगी। इससे देश के उभरते इलेक्ट्रिक वाहन क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा।
भाषा पाण्डेय अजय
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