नयी दिल्ली, छह सितंबर (भाषा) सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी आरईसी लिमिटेड के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक विवेक कुमार देवांगन ने बुधवार को वर्ष 2030 तक हरित परियोजनाओं के लिए अपनी ‘लोन बुक’ को दस गुना बढ़ाकर तीन लाख करोड़ रुपये से अधिक करने की प्रतिबद्धता जताई।
देवांगन ने बुधवार को वार्षिक आम बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें कंपनी के बोर्ड के सभी निदेशकों ने भाग लिया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये हुई बैठक में कई शेयरधारक मौजूद रहे।
एजीएम में उन्होंने कहा, ‘‘आरईसी वर्ष 2030 तक हरित परियोजनाओं के अपने वर्तमान ऋण पोर्टफोलियो को दस गुना से अधिक बढ़ाकर तीन लाख करोड़ रुपये करने के लिए प्रतिबद्ध है।’’
उन्होंने कहा कि आरईसी अपने ग्रामीण विद्युतीकरण प्रयासों के लिए जानी जाती है। अब यह अपनी नवीकरणीय ऊर्जा (आरई) केंद्रित पहल के लिए जानी जाएगी। इसमें सौर, पवन, हाइब्रिड और ई-मोबिलिटी परियोजनाओं के साथ-साथ हरित हाइड्रोजन, हरित अमोनिया परियोजनाएं, ताप बिजली और एथनॉल विनिर्माण जैसी परियोजनाएं शामिल हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि आरईसी पर विश्वास जताते हुए, बिजली मंत्रालय ने कंपनी को देश के त्वरित विकास में योगदान देने के लिए गैर-बिजली बुनियादी ढांचे और लॉजिस्टिक्स क्षेत्रों को ऋण देने की भी अनुमति दी है।
भाषा राजेश राजेश अजय
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