तिरुवनंतपुरम, 24 मार्च (भाषा) लोकसभा से राहुल गांधी को अयोग्य करार दिए जाने की पृष्ठभूमि में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व रक्षा मंत्री ए के एंटनी ने देश के सभी विपक्षी दलों से मतभेदों के बावजूद एक साथ आने और वर्तमान भाजपा नीत सरकार के लोकतंत्र विरोधी कृत्यों के खिलाफ लड़ने की अपील की है।
हालांकि, उनके बेटे अनिल एंटनी ने कहा कि कांग्रेस को ‘‘एक व्यक्ति की गलतियों’’ को ढकने पर ध्यान देना बंद करना चाहिए और इसके बजाय देश के मुद्दों पर काम करना चाहिए।
‘देश में लोकतंत्र के खतरे’ में होने का दावा करते हुए ए के एंटनी ने कहा कि कांग्रेस राहुल गांधी को चुप कराने और कमजोर करने के भाजपा के प्रयासों के खिलाफ राजनीतिक और कानूनी रूप से लड़ेगी। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पिछले कुछ हफ्तों से नयी दिल्ली में जो हो रहा है, वह न केवल कांग्रेस के लिए, बल्कि इस देश की पूरी लोकतांत्रिक ताकतों और उन लोगों के लिए चिंता का विषय है, जो लोकतंत्र और संविधान और इसके मूल्यों की रक्षा करना चाहते हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) द्वारा पूरे देश में अदालतों में पिछले दो वर्षों में राहुल गांधी के खिलाफ 30 से अधिक मामले दर्ज कराए गए हैं। उन्होंने कहा, ‘‘राहुल गांधी को चुप कराने, उन्हें कमजोर करने का प्रयास हो रहा है। यह एक षड्यंत्र है।’’
इस बीच, ए के एंटनी के बेटे अनिल एंटनी ने शुक्रवार को राहुल गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस को ‘‘एक व्यक्ति की गलतियों को ढकने पर ध्यान देना बंद करना चाहिए, और इसके बजाय देश के मुद्दों पर काम करना चाहिए।’’
अनिल की टिप्पणी कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश के एक ट्वीट के जवाब में आई है कि पार्टी गांधी की अयोग्यता के खिलाफ ‘‘कानूनी और राजनीतिक रूप से’’ लड़ाई लड़ेगी और वह ‘‘भयभीत या चुप नहीं होगी।’’
इससे पूर्व एंटनी के बेटे ने 2002 के गुजरात दंगों पर बीबीसी के वृत्तचित्र- ‘इंडिया: द मोदी क्वेश्चन’ के खिलाफ ट्वीट कर विवाद खड़ा कर दिया था। बाद में उन्होंने केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) डिजिटल मीडिया और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) सोशल मीडिया और डिजिटल कम्युनिकेशंस सेल में अपने पदों से इस्तीफा दे दिया था।
भाषा दिलीप आशीष
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