नयी दिल्ली, 20 जनवरी (भाषा) निजी क्षेत्र के बंधन बैंक का शुद्ध मुनाफा दिसंबर में समाप्त तिमाही में 64 प्रतिशत घटकर 290.56 करोड़ रुपये रह गया। गिरावट का कारण शुद्ध ब्याज आय का घटना और खराब ऋणों के लिए किये जाने वाले प्रावधानों का बढ़ना था।
कोलकाता स्थित बैंक ने एक साल पहले की इसी अवधि में 858.97 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा कमाया था।
हालांकि, बैंक की कुल आय दिसंबर तिमाही में बढ़कर 4,840.94 करोड़ रुपये हो गई, जो एक साल पहले की समान अवधि में 4,117.76 करोड़ रुपये थी।
परिचालन मुनाफा भी पिछले वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही के 1,950.1 करोड़ रुपये की तुलना में घटकर 1,922.2 करोड़ रुपये रह गया।
बैंक की शुद्ध ब्याज आय पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि के 2,124.8 रुपये से 2.1 प्रतिशत घटकर 2,080.4 करोड़ रुपये रह गई।
परिसंपत्ति गुणवत्ता के मोर्चे पर, बैंक का सकल एनपीए (गैर-निष्पादक आस्तियां) घटकर 7.15 प्रतिशत रह गया जो पिछले वित्तवर्ष की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के अंत में 10.81 प्रतिशत था।
इस दौरान शुद्ध एनपीए पिछले वर्ष के 3.01 प्रतिशत की तुलना में घटकर 1.86 प्रतिशत रह गया।
वित्त वर्ष 2022 में प्रावधान और आकस्मिकताएं लगभग दोगुनी होकर 1,541.49 करोड़ रुपये हो गईं।
दिसंबर तिमाही में बैंक का पूंजी पर्याप्तता अनुपात 20 प्रतिशत की तुलना में घटकर 19.1 प्रतिशत रह गया।
भाषा राजेश राजेश पाण्डेय
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