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Sunday, 11 January, 2026
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पीएसीएल के निवेशकों के लिए तकनीकी दिक्कतों के कारण पांच दिन उपलब्ध नहीं होगा रिफंड पोर्टल

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नयी दिल्ली, 23 नवंबर (भाषा) भारतीय प्रतिभूति एवं विनियम बोर्ड (सेबी) की एक उच्च अधिकार प्राप्त समिति ने कहा है कि तकनीकी दिक्कतों के कारण पीएसीएल निवेशकों के लिए ‘रिफंड पोर्टल’ पांच दिन तक ‘ठप’ रहेगा। यह समिति ही पीएसीएल निवेशकों की उनका पैसा वापस लौटाने की प्रक्रिया देख रही है।

सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति आर एम लोढ़ा की अध्यक्षता वाली समिति निवेशकों की पुष्टि करने के बाद संपत्तियों के निपटान के जरिये उनका पैसा लौटाने की प्रक्रिया देख रही है। समिति कई चरणों में रिफंड की प्रक्रिया पहले ही शुरू कर चुकी है।

गौरतलब है कि उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद 2016 में सेबी ने इस समिति का गठन किया था।

समिति ने अक्टूबर में 15,000 रुपये तक के दावों वाले निवेशकों के लिए एक ‘सुविधा’ तैयार की थी। यह सुविधा उन निवेशकों के लिए थी जिनके आवेदनों में कुछ कमी रह गई थी। ये निवेशक सेबीपीएसीएलरिफंड.सीओ.इन पोर्टल पर इन खामियों को दुरुस्त कर सकते हैं।

यह सुविधा एक नवंबर, 2022 से शुरू होकर 31 जनवरी, 2023 तक उपलब्ध कराई गई थी।

सेबी की वेबसाइट पर जारी बयान के मुताबिक, ‘‘तकनीकी दिक्कतों के कारण रिफंड पोर्टल पर पांच दिन तक आवेदन दोबारा जमा नहीं किए जा सकेंगें।’’

पर्ल ग्रुप के नाम से भी जानी जाने वाली पीएसीएल ने कृषि और रियल एस्टेट व्यवसाय के नाम पर धन जुटाया था। सेबी ने पाया था कि कंपनी ने 18 साल की अवधि में एक गैरकानूनी सामूहिक निवेश योजना (सीआईएस) के जरिये 60,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जुटाई थी।

बाजार नियामक ने दिसंबर, 2015 को पीएसीएल और उसके नौ प्रवर्तकों समेत निदेशकों की सभी संपत्तियों को कुर्क करने का आदेश दिया था, जो कि निवेशकों के पैसे वापस करने में विफल रहे थे।

भाषा जतिन जतिन अजय

अजय

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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