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Wednesday, 29 April, 2026
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बीड जिले के लिंग अनुपात में गिरावट चिंताजनक : पंकजा मुंडे

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औरंगाबाद (महाराष्ट्र), 18 फरवरी (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नेता और महाराष्ट्र की पूर्व मंत्री पंकजा मुंडे ने राज्य के बीड जिले में घटते लिंग अनुपात पर चिंता व्यक्त की है।

पंकजा ने टि्वटर पर एक वीडियो पोस्ट में कहा, ‘‘2009 से मैं बीड जिले में जन्म के समय लिंग अनुपात में सुधार के उद्देश्य से गैर सरकारी संगठनों के साथ मिलकर काम कर रही हूं। जब मुझे पिछली सरकार में महिला एवं बाल कल्याण विभाग मिला, तो पहली योजना बालिकाओं के जन्म अनुपात में सुधार के लिए शुरू की गई थी।’’

भाजपा नेता ने कहा कि गर्भधारण-पूर्व एवं प्रसव-पूर्व निदान तकनीक (पीसीपीएनडीटी) अधिनियम को जिले में प्रभावी ढंग से लागू नहीं किया जा रहा है। इससे बालिका जन्म अनुपात में गिरावट आ रही है।

पहले बालिका जन्म अनुपात प्रति हजार पुरुषों पर 961 था। उन्होंने कहा कि लोगों को मिलकर काम करना चाहिए और लिंग अनुपात में सुधार के लिए मिलकर सामूहिक प्रयास करने की आवश्यकता है।

बीड जिला सिविल सर्जन डॉ सुरेश साबले ने पीटीआई-भाषा से बात करते हुए कहा, ‘‘2011-12 में जिले का बालिका जन्म अनुपात 797 था, जबकि दिसंबर 2021 में यह 928 था। हम बच्चों के जन्म से संबंधित सभी केंद्रों की हर तीन महीने में समीक्षा करते हैं, और अगर हमें कोई विसंगति मिलती है, तो हम सख्त कार्रवाई करते हैं।’’

भाषा रवि कांत शाहिद

शाहिद

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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