हैदराबाद, आठ फरवरी (भाषा) टीजीएफएसएल की निदेशक शिखा गोयल ने रविवार को इस बात से इनकार किया कि प्रयोगशाला में लगी आग में वोट के बदले नकदी और फोन टैपिंग मामलों सहित बहुचर्चित मामलों से संबंधित सबूत नष्ट हुए हैं।
तेलंगाना फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी भवन की पहली मंजिल पर शनिवार को लगी आग से वहां स्थित कंप्यूटर फोरेंसिक प्रयोगशाला, उससे जुड़ी सुविधाओं, प्रशिक्षण कक्ष और कुछ अन्य क्षेत्रों को नुकसान पहुंचा है।
अधिकारियों ने बताया कि किसी प्रकार के जानमाल के नुकसान या किसी के घायल होने की कोई खबर नहीं है।
यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए गोयल ने कहा कि शिकायत दर्ज कराई गई है और नामपल्ली थाने में मामला दर्ज किया गया है।
उन्होंने कहा कि नुकसान का आकलन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पुलिस घटनास्थल की जांच कर रही है, जबकि मामले से संबंधित सामग्री का एक बड़ा हिस्सा पहले ही बरामद कर लिया गया है और उचित सुरक्षा के तहत रखा गया है।
उन्होंने कहा, ‘आग से प्रभावित क्षेत्र में उपलब्ध अधिकांश संपत्ति और सामग्री को बरामद कर लिया गया है। यह प्रक्रिया वर्तमान में एफएसएल में जारी है।’
गोयल ने कहा कि शनिवार से ही सोशल मीडिया समेत मीडिया के कुछ वर्गों में आग लगने के कारण और कथित तौर पर संपत्ति के नुकसान को लेकर ‘बेहद बेबुनियाद और हास्यास्पद’ अटकलें लगाई जा रही थीं।
उन्होंने कहा, ‘यह दोहराया जाता है कि मामले से संबंधित अधिकांश सामग्री पहले ही बरामद कर ली गई हैं। नुकसान का आकलन किया जा रहा है और उचित समय पर इसे सार्वजनिक किया जाएगा।’
भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो (एसीबी) द्वारा 2015 में दर्ज किए गए नकदी के बदले वोट मामले का जिक्र करते हुए गोयल ने कहा कि 16 वस्तुओं सहित सामग्री सामग्री दो अलग-अलग मौकों पर एफएसएल द्वारा प्राप्त की गई थीं और 2015 में एसीबी अदालत में रिपोर्ट प्रस्तुत की गई थी।
उन्होंने कहा, ‘इस मामले से संबंधित सभी 16 वस्तुएं पहले ही अदालत को लौटा दी गई थीं और आग लगने के समय एफएसएल में इस मामले से संबंधित कोई भी सामग्री मौजूद नहीं थी।’
गोयल ने पुंजागुट्टा थाने में दर्ज फोन टैपिंग मामले को लेकर जारी अटकलों पर भी बात की।
उन्होंने बताया कि एफएसएल को मार्च 2024 से इस वर्ष जनवरी के बीच इस मामले से संबंधित 132 वस्तुएं प्राप्त हुईं। इनमें से सात को छोड़कर बाकी सभी की जांच की जा चुकी है और अलग-अलग तारीखों पर संबंधित प्राधिकरण को रिपोर्टें प्रस्तुत कर दी गई हैं।
उन्होंने कहा, ‘हाल ही में प्राप्त सात वस्तुओं के मामले में भी जांच पूरी हो चुकी है और रिपोर्ट तैयार की जा रही हैं।’
गोयल ने कहा, ‘फिलहाल, मामले से संबंधित अधिकांश चीजें बरामद कर ली गई हैं। प्रारंभिक जांच में संपत्ति को भौतिक रूप से कोई नुकसान नहीं हुआ है; हालांकि, विस्तृत मूल्यांकन जारी है।’
उन्होंने कहा कि एफएसएल में तत्काल सुरक्षा और अग्नि सुरक्षा ऑडिट करने और क्षतिग्रस्त हिस्सों को जल्द से जल्द परिचालन स्थिति में बहाल करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि मामला दर्ज कर लिया गया है और घटना का कारण गहन जांच के बाद ही पता चलेगा।
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शुभम प्रशांत
प्रशांत
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