गोंडा (उप्र) 10 मार्च (भाषा) गोंडा जिले में भू-सम्पत्तियों के फर्जी बैनामे व वसीयत के दर्ज मामलों में वांछित चल रहे निलंबित प्रभारी उप निबंधक सौरभ सिंह को शुक्रवार को जिले के विशेष जांच दल (एसआईटी) ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
गोंडा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) आकाश तोमर ने बताया कि जिले में भू-सम्पत्तियों के फर्जी बैनामे व वसीयत के दर्ज अभियोगों की विवेचना शासन से गठित एसआईटी कर रही है।
शुक्रवार को थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के अन्तर्गत आंबेडकर चौराहे के पास से कई मुकदमों में वांछित अभियुक्त सौरभ सिंह निवासी धुसवा मनकापुर जनपद गोंडा को एसआईटी ने गिरफ्तार कर किया। सौरभ पर आरोप है कि उसने अपने साथी व भूमि घोटालों के मुख्य आरोपी बृजेश कुमार अवस्थी से मिलकर षड़यंत्र रचकर निबंधन कार्यालय के बजाय अभियुक्तों के घरों में विलेख का निबन्धन किया था। इसके अलावा गोंडा में प्रभारी उप निबन्धक के रूप में कार्यरत रहते हुए अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने अन्य जिलों से सम्बन्धित कई फर्जी वसीयतों को गलत तरीके से यहां पंजीकृत किया। परिणाम स्वरूप पंजीकरण के नियमों का उल्लंघन किया गया।
एसपी ने कहा कि जिले के विभिन्न थानों में फर्जी वसीयत से संबंधित दर्ज 22 अभियोगों में सौरभ सिंह नामजद अभियुक्त हैं। एसपी ने बताया कि देवीपाटन परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक उपेन्द्र कुमार अग्रवाल द्वारा विवेचक व गिरफ्तारी करने वाली टीम को 25 हजार रुपये की धनराशि से पुरस्कृत किया गया।
भाषा सं. आनन्द प्रशांत
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