देहरादून, सात फरवरी (भाषा) उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को कहा कि शारदा रिवर फ्रंट से चंपावत की तस्वीर बदल जाएगी और लगभग 200 किलोमीटर की परिधि का क्षेत्र पूरी तरह से विकसित हो जाएगा।
धामी ने चंपावत जिले के टनकपुर में शारदा घाट पुनर्विकास योजना सहित शिक्षा, सड़क आदि अन्य क्षेत्रों की 330 करोड़ रुपये की लागत की विभिन्न विकास योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि शारदा रिवर फ्रंट (शारदा गलियारा) परियोजना क्षेत्र के सर्वांगीण विकास का आधार बनेगी और चंपावत को पर्यटन, आस्था तथा आधुनिक शहरी सुविधाओं के मानचित्र पर नयी पहचान दिलाएगी।
मुख्यमंत्री ने पिछले साल अक्टूबर में शारदा गलियारा परियोजना की शुरुआत की थी।
धामी ने कहा, ”इसके बनने से संपूर्ण क्षेत्र का लगभग 200 किलोमीटर की परिधि का क्षेत्र पूरी तरह से विकसित होगा । इस क्षेत्र में विकास होगा, समृद्धि आएगी और नौजवानों, महिलाओं, स्थानीय व्यापारियों को रोजगार मिलेगा, आजीविका बढ़ेगी, पर्यटन बढ़ेगा।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि चंपावत आस्था, संस्कृति और इतिहास से समृद्ध भूमि है जहां की आध्यात्मिक चेतना में जीवन को दिशा देने वाली शक्ति है।
देवी शारदा को ज्ञान, विद्या और संस्कार का प्रतीक बताते हुए धामी ने कहा कि उनके पावन घाटों का विकास करना सौभाग्य का विषय है। उन्होंने कहा कि टनकपुर की धरती पर आते ही उन्हें विशेष ऊर्जा का अनुभव होता है।
उन्होंने कहा कि विकास और सांस्कृतिक विरासत के संतुलन से ही उत्तराखंड की पहचान मजबूत होगी। धामीने सभी नागरिकों से जनभागीदारी, सांस्कृतिक संरक्षण और विकास के संकल्प को मजबूत करने का आह्वान किया।
बाद में मुख्यमंत्री शारदा घाट पर आयोजित पारंपरिक माघ खिचड़ी भोज कार्यक्रम में भी शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने स्वयं श्रद्धालुओं को खिचड़ी प्रसाद वितरित किया तथा उनके साथ बैठकर उसे ग्रहण भी किया।
कार्यक्रम के दौरान उन्होंने स्थानीय महिलाओं के साथ कुमांऊ की प्राचीन लोक परंपरा ‘खड़ी होली’ में भी भाग लिया तथा उनके द्वारा गाए जा रहे गीतों में अपना भी स्वर मिलाया।
भाषा
दीप्ति रवि कांत
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