नयी दिल्ली, आठ जनवरी (भाषा) दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में अतिक्रमण रोधी अभियान के दौरान हिंसा भड़कने के बाद भारी सुरक्षा बल की तैनाती और आवागमन पर लगे प्रतिबंध के कारण लोगों को रोजमर्रा के काम निपटाने मुश्किल हो गए हैं।
यहां कई लोग घर का राशन और अन्य जरूरी सामान खरीदने या काम पर जाने के लिए भी बाहर नहीं निकल पा रहे हैं।
इलाके की आमतौर पर चहल-पहल वाली गलियों में बृहस्पतिवार को लगातार दूसरे दिन दुकानें बंद रहीं। यहां मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात हुई झड़पों के बीच पुलिसकर्मियों पर पथराव हुआ था और इसके बाद इलाके में भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
उस इलाके में 15 साल से रह रहीं एक महिला ने कहा, “मैं समझती हूं कि सुरक्षा ज़रूरी है, लेकिन जब भी मैं राशन या अन्य सामान खरीदने के लिए बाहर निकलती हूं, तो मुझे ऐसा लगता है जैसे कई संदिग्ध निगाहें मुझ पर टिकी हैं।”
निवासियों ने कहा कि प्रतिबंधों के कब तक लागू रहने की अनिश्चितता ने उनकी चिंता बढ़ा दी है।
यहां एक अन्य निवासी ने कहा, “हमारे बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं, हम अपनी दुकानें नहीं खोल पा रहे हैं, और हम अपने घरों में फंसे हुए हैं। हमें यह भी नहीं पता कि ये प्रतिबंध कल हटेंगे या नहीं।”
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यासिर रंजन
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