नोएडा, 15 फरवरी (भाषा) जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह ने बुधवार को कहा कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के दूसरे चरण के विकास से लगभग 18,500 परिवार प्रभावित होंगे और उनमें से 13,000 से अधिक को स्थानांतरित करना होगा।
विधायक ने कहा कि ग्रामीणों की मांग को ध्यान में रखते हुए, यह निर्णय लिया गया है कि जिन परिवारों को स्थानांतरित करने की आवश्यकता है, उनके पास अब पुनर्वास के लिए दो विकल्प होंगे। ये स्थान फलेदा कट के पास और मॉडलपुर में हैं।
जेवर के उप जिलाधिकारी (एसडीएम) अभय सिंह के साथ संवाददाता सम्मेलन में विधायक ने कहा, ‘‘किसानों के पास अपनी सुविधा के अनुसार पुनर्वास और पुनर्वास स्थान चुनने का विकल्प है।’’
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक ने कहा, ‘‘आगामी फिल्म सिटी के करीब फलेदा कट में लगभग 120 हेक्टेयर और मॉडलपुर में 60 हेक्टेयर जमीन उपलब्ध है, जो खुर्जा रोड पर जेवर शहर के पास स्थित है।’’
उन्होंने कहा कि चार चरणों में कार्य संपन्न होने पर नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लगभग 5,000 हेक्टेयर में फैला होगा और इसे भारत का सबसे बड़ा हवाई अड्डा बनाने की योजना है।
भाषा आशीष वैभव
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