जमशेदपुर, 23 जनवरी (भाषा) पिंजरे में बंद जानवरों के साथ जनता की सहभागिता बढ़ाने की पहल के तहत जमशेदपुर चिड़ियाघर ने एक जनभागीदारी कार्यक्रम के माध्यम से बाघ के दो शावकों का नामकरण किया। प्राधिकारियों ने यह जानकारी दी।
बाघिन मेघना ने 27 नवंबर को दो मादा शावकों को जन्म दिया था। बीते 10 जनवरी को शुरू हुई चार दिवसीय सार्वजनिक नामकरण प्रक्रिया के बाद शावकों का नाम ‘तारा’ और ‘सारा’ रखा गया।
टाटा स्टील जूलॉजिकल पार्क (टीएसजेडपी) के उप निदेशक नईम अख्तर ने पीटीआई-भाषा को बताया कि पहले चिड़ियाघर के जानवरों का नामकरण अधिकारियों द्वारा किया जाता था।
उन्होंने कहा, ‘हालांकि, लोगों की बढ़ती रुचि को देखते हुए, हमने इस प्रक्रिया में नागरिकों को शामिल करने का निर्णय लिया।’
यह दूसरी बार है जब जानवरों का नाम रखने की प्रक्रिया में लोगों को भी शामिल किया गया।
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राखी माधव
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