छत्रपति संभाजीनगर, 20 अगस्त (भाषा) विधायक तुषार राठौड़ ने कहा कि वह महाराष्ट्र के जल संसाधन मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल से नांदेड़ जिले के हसनाल में आई बाढ़ की जांच के लिए आग्रह करेंगे, जहां भारी बारिश के बीच कम से कम चार लोगों की मौत हो गई।
नांदेड़ जिले में मंगलवार को भारी बारिश ने कहर बरपाया, जिससे मुखेड तालुका के हसनाल के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से में बाढ़ का पानी घुस गया।
एक विज्ञप्ति में कहा गया था कि गांव में पांच लोग लापता बताए गए हैं, और बाद में चार के शव बरामद कर लिए गए।
मुखेड निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक राठौड़ ने मंगलवार को संवाददाताओं को बताया कि उन्होंने स्थानीय लोगों से मिलने के बाद जांच की मांग उठाने का फैसला किया। उन्होंने कहा कि लघु सिंचाई लेंडी परियोजना के पानी के कारण बाढ़ आई।
राठौड़ ने कहा, ‘‘जब लेंडी परियोजना का पहला चरण पूरा हुआ, तो प्रशासन ने लोगों को आश्वासन दिया था कि इसका पानी उनके गांव तक नहीं जाएगा क्योंकि परियोजना में क्षमता का केवल 30 प्रतिशत पानी ही संग्रहित किया जाएगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘गांव ऊंचाई पर स्थित है। फिर भी, (लेंडी परियोजना का) हसनाल के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से में पानी भर गया। कुछ ग्रामीणों ने बताया कि बांध के गेट देर से खोले गए, जिससे पानी का स्तर बहुत बढ़ गया।’’
इस बात पर बल देते हुए कि केवल जांच ही यह निर्धारित कर सकती है कि हसनाल में बाढ़ का कारण क्या था, उन्होंने कहा कि कुछ अन्य लोगों ने यह भी दावा किया कि बहुत भारी बारिश हुई थी।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं मंत्री विखे पाटिल से आग्रह करूंगा कि वे संबंधित परियोजना अधिकारियों को शामिल किए बिना इसकी जांच शुरू कराएं। जवाबदेही तय की जानी चाहिए और इस जांच में किसी भी दोषी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाना चाहिए।’’
जब लोगों ने राठौड़ ने सवाल कि वह इतना समय बीतने के बाद गांव क्यों आए हैं तो उन्होंने कहा, ‘‘मैं सोमवार को मुंबई में एक बैठक में व्यस्त था। जब मैं पुणे होते हुए लौट रहा था, तब यह घटना हुई। मैं तड़के तीन बजे यहां (नांदेड़ जिले में) पहुंचा, अधिकारियों के साथ बैठकें कीं और फिर गांव आया।’’
भाषा खारी नरेश
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