अहमदाबाद, 19 मार्च (भाषा) अहमदाबाद पुलिस ने 2.38 करोड़ रुपये अंकित मूल्य के उच्च गुणवत्ता वाले भारतीय जाली नोट जब्त किए हैं और इस सिलसिले में सात लोगों को पकड़ा गया है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि इस संबंध में मिली एक सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए अपराध शाखा ने सूरत के एक योग शिक्षक सहित आरोपियों को उस समय पकड़ा जब वे बुधवार को यहां पहुंचे। आरोपियों के पास से 500 रुपये के 42,000 जाली नोट जब्त किए गए।
पुलिस उपायुक्त अजीत राजियन ने कहा कि मुकेश थुम्मर, अशोक मावाणी, रमेश भालर, दिव्येश राणा, प्रदीप जोटांगिया, भरत काकड़िया और एक महिला कथित तौर पर एक एसयूवी में यह जाली नोट लेकर आए थे। वाहन को अमराईवाड़ी इलाके के पास रोका गया।
उन्होंने बताया कि प्रदीप जोटांगिया सूरत के ‘श्री सत्यम योग फाउंडेशन’ में ‘आध्यात्मिक और योग शिक्षक’ है। एसयूवी पर ‘वीवीवीआपी स्टिकर’ लगा था और एक प्लेट लगी थी जिस पर ‘भारत सरकार के आयुष मंत्रालय द्वारा मान्यता प्राप्त श्री सत्यम योग फाउंडेशन’ लिखा था।
अधिकारी ने बताया कि वाहन के भीतर छिपाकर रखे गए पैकेट व एक काले रंग के बैग से नोट बरामद किए गए।
उन्होंने कहा कि आरोपियों को गिरफ्तार करने की प्रक्रिया जारी है।
राजियन ने बताया कि मामले में कार्रवाई करते हुए सूरत के एक घर से 28 लाख रुपये के अन्य जाली नोट जब्त किए गए, जहां पिछले चार महीनों से जाली नोट छापे जा रहे थे।
एक आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, मुकेश थुम्मर कथित तौर पर इस गिरोह का सरगना था और उसने ही नोट छापने संबंधी उपकरणों की व्यवस्था की थी।
मामले की जांच में पता चला कि इन जाली नोटों को छापने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित मंचों का उपयोग किया गया था।
आरोपियों को बृहस्पतिवार को बाद में अदालत में पेश किया जाएगा और पुलिस उनकी हिरासत की मांग करेगी।
भाषा प्रचेता नरेश
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