(बरुण झा)
दावोस, 18 जनवरी (भाषा) कंपनियों के निवेश फैसलों में साइबर सुरक्षा की भूमिका तेजी से बढ़ रही है। बड़ी संख्या में कंपनियों को लगता है कि वैश्विक भू-राजनीतिक अस्थिरता अगले दो वर्षों में विनाशकारी साइबर हमले की वजह बन सकती है।
विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) द्वारा अपनी वार्षिक बैठक-2023 में बुधवार को यहां जारी एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।
रिपोर्ट के मुताबिक, सर्वेक्षण में शामिल आधी कंपनियों को लगता है कि मौजूदा माहौल के चलते वे अपने कारोबार वाले देशों का पुनर्मूल्यांकन कर रही हैं।
सर्वेक्षण में शामिल 93 प्रतिशत से अधिक साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ और 86 प्रतिशत कारोबारी हस्तियों का मानना है कि ‘‘अगले दो साल में एक बड़ी और विनाशकारी साइबर घटना होने की आशंका है। इसके अलावा कौशल में अंतर भी समाज के लिए एक बड़ा जोखिम है।’’
वैश्विक साइबर सुरक्षा परिदृश्य-2023 के निष्कर्ष 300 से अधिक विशेषज्ञों और कार्यकारियों से बातचीत पर आधारित हैं।
एक्सेंचर के सहयोग से तैयार की गई रिपोर्ट में कहा गया है कि जागरूकता और जरूरी तैयारी से संगठनों को साइबर जोखिम से निपटने में मदद मिलेगी।
रिपोर्ट में प्रतिभावान और कुशल विशेषज्ञों की कमी को दूर करने की जरूरत पर भी जोर दिया गया है। करीब 34 प्रतिशत साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों ने कहा कि उनकी टीम में कुछ कुशल लोगों की कमी है, जबकि 14 प्रतिशत ने कहा कि उनके पास काफी अधिक कमी है। इस तरह की समस्या ऊर्जा उपयोगिताओं जैसे प्रमुख क्षेत्रों में अधिक स्पष्ट है।
भाषा पाण्डेय अजय
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