(फाइल फोटो के साथ)
नयी दिल्ली, 28 अगस्त (भाषा) इंटरग्लोब एविएशन के प्रवर्तक राकेश गंगवाल और उनके पारिवारिक ट्रस्ट ने अलग-अलग ‘ब्लॉक डील’ के जरिये विमान कंपनी इंडिगो में बृहस्पतिवार को 3.1 प्रतिशत तक हिस्सेदारी 7,027.7 करोड़ रुपये में बेच दी।
हिस्सेदारी बिक्री के बाद इंटरग्लोब एविएशन के शेयर में एनएसई और बीएसई पर गिरावट दर्ज की गई।
नवीनतम लेनदेन के बाद राकेश गंगवाल और उनके पारिवारिक ट्रस्ट की इंडिगो में हिस्सेदारी 7.81 प्रतिशत से घटकर 4.71 प्रतिशत हो गई है।
इंडिगो के सह-संस्थापक गंगवाल, सह-संस्थापक राहुल भाटिया के साथ मतभेद के बाद चरणबद्ध तरीके से अपने शेयर बेच रहे हैं।
‘पीटीआई-भाषा’ के पास मौजूद ‘टर्म शीट’ के अनुसार, राकेश गंगवाल के अलावा चिंकरपू फैमिली ट्रस्ट (जिसके न्यासी शोभा गंगवाल और डेलावेयर की जेपी मॉर्गन ट्रस्ट कंपनी है) ने सामूहिक रूप से देश की सबसे बड़ी विमानन कंपनी इंडिगो में 3.1 प्रतिशत तक हिस्सेदारी बेच दी है।
शेयर बाजार पर शेयरधारिता के आंकड़ों के अनुसार, जून 2025 तक गंगवाल और पारिवारिक ट्रस्ट के पास इंडिगो में 7.81 प्रतिशत हिस्सेदारी थी।
‘टर्म शीट’ के अनुसार लेनदेन के तहत बिक्री में 5,808 रुपये प्रति शेयर के न्यूनतम मूल्य पर 1.21 करोड़ शेयर शामिल हैं। यह मंगलवार को एनएसई पर इंडिगो के अंतिम बंद मूल्य 6,050 रुपये से लगभग चार प्रतिशत कम है।
इसके अनुसार, 1.21 करोड़ शेयर का तात्पर्य कंपनी में 3.1 प्रतिशत हिस्सेदारी से है। न्यूनतम मूल्य के आधार पर प्रस्ताव का आकार करीब 80.1 करोड़ अमेरिकी डॉलर या लगभग 7,027.7 करोड़ रुपये आंका गया है।
यह बिक्री पूरी तरह से द्वितीयक प्रकृति की है अर्थात कोई नया शेयर जारी नहीं किया जाएगा और प्राप्त राशि शेयर बेचने वाले शेयरधारकों को मिलेगी।
खरीदारों का विवरण अभी नहीं मिल पाया है।
इस वर्ष मई में, गंगवाल और उनके पारिवारिक ट्रस्ट ने विमानन कंपनी में 5.72 प्रतिशत हिस्सेदारी 11,564 करोड़ रुपये में बेचकर अपनी हिस्सेदारी कम कर दी थी।
सह-संस्थापक राहुल भाटिया के साथ मतभेदों के बीच गंगवाल ने फरवरी 2022 में इंटरग्लोब एविएशन के निदेशक मंडल से इस्तीफा दे दिया। राकेश गंगवाल ने कहा था कि वह अगले पांच वर्ष में विमानन कंपनी में अपनी शेयर हिस्सेदारी धीरे-धीरे कम कर देंगे।
गंगवाल और उनकी पत्नी शोभा गंगवाल फरवरी 2022 से इंडिगो में अपने शेयर बेच रहे हैं।
राकेश गंगवाल और शोभा गंगवाल ने सितंबर, 2022 में 2.74 प्रतिशत हिस्सेदारी 2005 करोड़ रुपये में बेची। फरवरी 2023 में शोभा गंगवाल ने कंपनी में चार प्रतिशत हिस्सेदारी 2944 करोड़ रुपये में बेची। बाद में अगस्त में शोभा गंगवाल ने करीब 2.9 प्रतिशत हिस्सेदारी 2800 करोड़ रुपये से कुछ अधिक में बेची।
भाषा निहारिका मनीषा
मनीषा
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