नयी दिल्ली, छह अक्टूबर (भाषा) हिंदुजा समूह की कंपनी इंडसइंड इंटरनेशनल होल्डिंग्स लिमिटेड (आईआईएचएल), मॉरीशस ने बहामास स्थित स्टर्लिंग बैंक की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी का अधिग्रहण पूरा कर लिया है। कंपनी ने सोमवार को यह जानकारी दी।
आईआईएचएल ने एक बयान में कहा कि उसने स्टर्लिंग बैंक की शेष 49 प्रतिशत हिस्सेदारी भी खरीद ली है जिससे यह बैंक अब उसके पूर्ण-स्वामित्व वाली इकाई बन गया है।
इसके पहले सितंबर, 2022 में हिंदुजा समूह की कंपनी ने स्टर्लिंग बैंक में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल की थी।
बयान के मुताबिक, यह अधिग्रहण आईआईएचएल के पूर्ण-स्वामित्व वाली अनुषंगी आईआईएचएल (कैपिटल) मॉरीशस के माध्यम से किया गया है।
मॉरीशस स्थित आईआईएचएल का बैंकिंग, वित्तीय सेवा, प्रतिभूति और बीमा (बीएफएसआई) क्षेत्र में विविध निवेश है। यह भारत के पांचवें बड़े निजी ऋणदाता इंडसइंड बैंक की प्रवर्तक कंपनी भी है।
कंपनी ने बताया कि स्टर्लिंग बैंक एंड ट्रस्ट लिमिटेड का नाम बदलकर अब ‘आईआईएचएस बैंक एंड ट्रस्ट लिमिटेड’ किया जा रहा है।
यह अधिग्रहण कंपनी की उस दीर्घकालिक रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत वह वैश्विक बीएफएसआई क्षेत्र में एक प्रमुख वित्तीय शक्ति के रूप में उभरना चाहती है।
आईआईएचएल के चेयरमैन अशोक पी. हिंदुजा ने कहा कि यह अधिग्रहण कंपनी को वैश्विक स्तर पर अपने विस्तार को मजबूत करने और शेयरधारकों व ग्राहकों को दीर्घकालिक मूल्य देने में सक्षम बनाएगा।
उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य वर्ष 2030 तक बीएफएसआई क्षेत्र में 50 अरब डॉलर का वैश्विक बाजार पूंजीकरण हासिल करना है।”
आईआईएचएल बैंक एंड ट्रस्ट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी बीआरएस सत्यनारायण ने कहा कि यह कदम बैंक की दीर्घकालिक टिकाऊ वृद्धि और स्थिरता सुनिश्चित करेगा।
हाल के महीनों में आईआईएचएल ने देश में कई रणनीतिक अधिग्रहण किए हैं, जिनमें रिलायंस कैपिटल और इसकी बीमा एवं प्रतिभूति से जुड़ी अनुषंगी कंपनियों का अधिग्रहण शामिल है।
कंपनी इनवेस्को एसेट मैनेजमेंट कंपनी की भारतीय इकाई में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी के अधिग्रहण की प्रक्रिया में भी है जिसके अक्टूबर 2025 के अंत तक पूरा होने की उम्मीद है।
भाषा प्रेम प्रेम रमण
रमण
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
