नयी दिल्ली, पांच फरवरी (भाषा) सरकार ने सोने की मिलावट के साथ प्लैटिनम के अवैध आयात पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से बृहस्पतिवार को प्लैटिनम से बने कुछ उत्पादों के आयात पर पाबंदी लगा दी।
इससे पहले इन वस्तुओं के आयात पर किसी भी तरह की पाबंदी नहीं थी।
विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने एक अधिसूचना में कहा, “आईटीसी एचएस कोड 71141920 के अंतर्गत आने वाली वस्तुओं की आयात नीति को ‘मुक्त’ से बदलकर ‘अंकुश’ की श्रेणी में डाल दिया गया है।”
इस एचएस कोड में प्लैटिनम से बने आभूषण एवं अन्य उत्पाद शामिल हैं।
उद्योग से जुड़े एक विशेषज्ञ के मुताबिक, पहले प्लैटिनम मिश्रधातु (अलॉय) के रूप में सोने का आयात हो रहा था, जिसे सरकार ने पहले ही बंद कर दिया था।
इसके बाद प्लैटिनम के उत्पादों में सोना मिलाकर आयात किए जाने का चलन सामने आया। उसे देखते हुए सरकार ने यह नया कदम उठाया है।
आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष 2024-25 में कीमती धातुओं या कीमती धातु से मढ़ी वस्तुओं का आयात बढ़कर 97.5 लाख डॉलर हो गया, जो 2023-24 की तुलना में लगभग दोगुना है।
हालांकि, अधिसूचना में यह स्पष्ट किया गया है कि भारतीय मूल की वस्तुएं अगर प्रदर्शनियों, निर्यात संवर्धन दौरों, अस्वीकृत या लौटाई गई खेप, अथवा मरम्मत के लिए भेजी गई हों तो उनके दोबारा आयात की अनुमति दी जाएगी।
सरकार ने पिछले वर्ष 99 प्रतिशत से कम शुद्धता वाली प्लैटिनम मिश्रधातु के आयात पर भी प्रतिबंध लगाया था, ताकि सोने और प्लैटिनम पर लागू शुल्क में अंतर का दुरुपयोग कर किए जा रहे अवैध आयात को रोका जा सके।
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प्रेम अजय
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