नयी दिल्ली, 23 दिसंबर (भाषा) वैश्विक आर्थिक घटनाक्रम से अगले साल भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए परिस्थितियां और जटिल होने का अनुमान है। वित्त मंत्रालय की एक रिपोर्ट में शुक्रवार को यह बात कही गई।
इस रिपोर्ट के मुताबिक बाहरी मोर्चे पर सतर्कता बनाए रखने की जरूरत है। मंत्रालय की नवंबर के लिए मासिक आर्थिक समीक्षा के अनुसार बाहरी क्षेत्र वैश्विक मंदी से पैदा हुई प्रतिकूल परिस्थितियों का सामना कर रहा है।
इसके मुताबिक, सेवा निर्यात में मजबूती और धनप्रेषण में बढ़ोतरी के चलते चालू खाता का घाटा साल की बाकी अवधि के दौरान सीमित होने की उम्मीद है। चालू खाता का घाटा चालू वित्त वर्ष में 100 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच सकता है।
रिपोर्ट में कहा गया, ”जैसा कि हम 2023 में प्रवेश कर रहे हैं, वैश्विक आर्थिक घटनाक्रम आगे और जटिल परिस्थितियां पैदा कर सकते हैं और इसलिए हमें लगातार सतर्कता के साथ हालात पर नजर बनाए रखनी होगी।”
भाषा पाण्डेय प्रेम
प्रेम
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
