नयी दिल्ली, आठ फरवरी (भाषा) यूरोपियन इन्वेस्टमेंट बैंक (ईआईबी) ने बुधवार को कहा कि वह इंडिया हाइड्रोजन अलायंस (आईएच2ए) में औपचारिक रूप से शामिल होने के साथ एक अरब यूरो का सांकेतिक कोष भी देगा।
हालांकि ईआईबी ने कहा कि हालांकि विशाल हरित हाइड्रोजन केंद्रों एवं परियोजनाओं को समर्थन देने वाला यह कोष भारत सरकार से मंजूरी के बाद ही जारी हो सकेगा।
यूरोपीय संघ (ईयू) की निवेश शाखा ईआईबी ने एक बयान में कहा कि उसके उपाध्यक्ष क्रिस पीटर्स ने आईएच2ए में शामिल होने और भारत सरकार व ईआईबी की मंजूरी से एक अरब यूरो के कोष से देशभर में बड़े स्तर पर हरित हाइड्रोजन केंद्रों को सहयोग के लिए औपचारिक सहमति दे दी।
इंडिया हाइड्रोजन अलायंस वैश्विक और भारतीय कंपनियों का एक औद्योगिक गठबंधन है जो भारत में हाइड्रोजन मूल्य-श्रृंखला और अर्थव्यवस्था बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
भाषा अनुराग प्रेम
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