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Wednesday, 25 March, 2026
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डॉक्टर ने इंजेक्शन लगाने के एक ही सिरिंज का उपयोग किया, एचआईवी संक्रमित बच्ची के परिजन का दावा

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एटा/ लखनऊ, चार मार्च (भाषा) एटा में स्थित रानी अवंती बाई लोधी राजकीय मेडिकल कॉलेज में एक ही सिरिंज से कई बच्चों को इंजेक्शन लगाये जाने के कारण कथित रूप से एक बच्ची के एचआईवी संक्रमित होने का मामला सामने आने के बाद कॉलेज के प्राचार्य से स्पष्टीकरण मांगा गया है।

उत्तर प्रदेश सरकार में स्‍वास्‍थ्‍य और चिकित्‍सा शिक्षा महकमा संभाल रहे राज्य के उप मुख्‍यमंत्री ब्रजेश पाठक ने उक्त जानकारी देते हुए कहा कि इस मामले में दोषी पाये जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

एटा जिला मुख्यालय पर निर्माणाधीन वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी स्वशासी राजकीय मेडिकल कालेज में शनिवार को एमसीएच विंग में एक ही सिरिंज से कई बच्चों के इंजेक्शन लगाने का मामला सामने आया और मेडिकल कॉलेज में भर्ती एक बच्ची के एचआईवी के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है।

एमसीएच विंग में बीस फरवरी से भर्ती बच्ची के परिजनों ने दावा किया है कि बच्ची के एचआईवी से संक्रमित होने की पुष्टि होने पर स्वास्थ्य कर्मियों ने उनके साथ अभद्रता की और आधी रात को बीमार बच्ची को जबरन भगा दिया।

परिजनों ने घटना की शिकायत एटा के जिलाधिकारी अंकित कुमार अग्रवाल से की है। जिलाधिकारी ने घटना की जांच के आदेश दिये हैं।

स्वास्थ्य कर्मियों की लापरवाही के चलते बच्‍ची के एचआईवी संक्रमित होने के संदर्भ में सवाल करने पर जिलाधिकारी अग्रवाल ने फोन पर बताया कि मामले की जानकारी होने के बाद उसकी जांच मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) को सौंप दी गई है।

वहीं, एटा के सीएमओ उमेश कुमार त्रिपाठी का कहना है, ‘‘घटना की मुझे भी जानकारी मिली है। जिलाधिकारी द्वारा जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच पूरी करके उन्हें रिपोर्ट भेजी जाएगी।’’

उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने शनिवार को इस मामले पर ट्वीट किया, ‘‘मेडिकल कॉलेज, एटा में चिकित्सक द्वारा एक ही सिरिंज से कई मरीजों को इंजेक्शन लगाए जाने एवं एक बच्चे की जांच रिपोर्ट एचआईवी पॉजिटिव मिलने संबंधी प्रकरण का तत्काल संज्ञान लेते हुए मेरे द्वारा प्रधानाचार्य,स्वशासी राजकीय मेडिकल कॉलेज एटा से उक्त संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया है।”

पाठक ने सिलसिलेवार ट्वीट में कहा है, ”साथ ही किसी भी चिकित्सक के दोषी पाए जाने पर उसके विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जाएगी।”

भाषा सं आनन्द अर्पणा

अर्पणा

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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