भुवनेश्वर, 26 फरवरी (भाषा) निर्वाचन आयोग ने बृहस्पतिवार को ओडिशा में चार राज्यसभा सीटों के चुनाव के लिए औपचारिक रूप से अधिसूचना जारी कर दी।
इन चारों सीटों के लिए आगामी 16 मार्च को मतदान होना है।
अधिसूचना के अनुसार, नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख पांच मार्च है, जबकि कागजात की जांच छह मार्च को की जाएगी। इसमें कहा गया है कि उम्मीदवार नौ मार्च तक अपना नामांकन वापस ले सकते हैं।
अधिसूचना में कहा गया है कि मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा। वोटों की गिनती उसी दिन शाम 5 बजे होगी।
निर्वाचन आयोग ने कहा है कि पूरी चुनाव प्रक्रिया 20 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी।
संसद के उच्च सदन के लिए द्विवार्षिक चुनाव आवश्यक हो गया था क्योंकि ओडिशा से चार राज्यसभा सदस्यों, बीजू जनता दल (बीजद) के निरंजन बिशी और मुन्ना खान, भाजपा के सुजीत कुमार और ममता मोहंता (भाजपा) का कार्यकाल दो अप्रैल को समाप्त हो रहा है। ओडिशा विधानसभा के सदस्य चार राज्यसभा सीटों के चुनाव में मतदान करेंगे।
अभी तक किसी भी राजनीतिक दल ने चार राज्यसभा सीटों के लिए किसी उम्मीदवार का नाम घोषित नहीं किया है।
ओडिशा भाजपा प्रभारी विजय पाल सिंह तोमर ने कहा, ‘‘पार्टी ने पहले ही यहां भुवनेश्वर में अपनी कोर कमेटी की बैठक कर ली है और राज्यसभा चुनाव के लिए कुछ नाम भेजे हैं। भाजपा का संसदीय दल उम्मीदवारों पर फैसला करेगा।’’
बीजद प्रवक्ता लेनिन मोहंती ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष नवीन पटनायक उचित समय पर राज्यसभा उम्मीदवार पर अंतिम फैसला लेंगे।
प्रदेश की 147 सदस्यीय विधानसभा में दलीय स्थिति को ध्यान में रखते हुए, सत्तारूढ़ भाजपा दो सीटें जीतेगी, जबकि एक सीट मुख्य विपक्षी बीजद के खाते में जाएगी।
राज्यसभा की चौथी सीट के लिए न तो भाजपा और न ही बीजद के पास सीट जीतने के लिए जरूरी विधायकों की संख्या है।
प्रदेश की 147 सदस्यीय ओडिशा विधानसभा में भाजपा के पास 79 विधायक हैं और तीन निर्दलीय विधायकों का भी उसे समर्थन हासिल है, जिससे उसकी कुल ताकत 82 वोटों तक पहुंच गई है। पिछले महीने अपने दो विधायकों के निलंबन के बाद बीजद की विधायकों की संख्या 48 हो गई है। कांग्रेस के पास 14 विधायक हैं और माकपा के पास एक विधायक है।
ओडिशा में इस बार एक राज्यसभा सीट जीतने के लिए एक उम्मीदवार को कम से कम 30 प्रथम वरीयता वोटों की आवश्यकता होगी।
भाजपा के पास 82 सदस्यों का समर्थन है, इसलिए वह आसानी से दो सीटें (30+30) जीत सकती है, और उसके पास 22 अतिरिक्त वोट होंगे तथा तीसरी सीट जीतने के लिए उसे आठ वोटों की जरूरत होगी।
एक सदस्य को चुनने के बाद बीजद के पास 18 अतिरिक्त वोट बचेंगे।
इस बीच, ओडिशा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष भक्त चरण दास ने एक उम्मीदवार खड़ा करने की घोषणा की है, हालांकि पार्टी के पास सिर्फ 14 विधायक हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस चौथी सीट के लिए कुछ व्यवस्था करने के लिए बीजद अध्यक्ष नवीन पटनायक से चर्चा करेगी।
कांग्रेस विधायक दल के नेता राम चंद्र कदम ने कहा कि उन्होंने प्रस्ताव दिया है कि भाजपा को तीन सीटें जीतने से रोकने के लिए बीजद या तो चौथी सीट के लिए उम्मीदवार खड़ा करे या कांग्रेस उम्मीदवार का समर्थन करे।
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हक मनीषा
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