नई दिल्ली: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव 9 फरवरी को शिवाजी नगर स्थित सुभाष एक्सीलेंस स्कूल में आयोजित परीक्षा पर संवाद कार्यक्रम में अलग अंदाज में नजर आए. उन्होंने छात्रों से बातचीत कर पहले उनके मन की स्थिति जानी और फिर उनकी शंकाओं का समाधान किया. मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षा जीवन की अंतिम कसौटी नहीं, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और तैयारी की पहचान है.
मुख्यमंत्री ने छात्रों को एकाग्रचित्त होकर पढ़ाई करने, समय प्रबंधन पर ध्यान देने और सकारात्मक सोच बनाए रखने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि परीक्षा को भय का कारण न बनाएं और असफलता से घबराएं नहीं. निरंतर प्रयास से ही सफलता मिलती है.
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि वे हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों के अभिभावक की भूमिका में आए हैं और अपना वादा निभाने पहुंचे हैं.
स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि परीक्षा को तनाव नहीं, बल्कि अवसर और उत्सव के रूप में देखना चाहिए. कार्यक्रम में स्कूल शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे.
