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Tuesday, 10 February, 2026
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नरवणे की किताब पर विवाद: पेंगुइन ने कहा आत्मकथा ‘प्रकाशित नहीं’ हुई, कानूनी कार्रवाई की दी चेतावनी

सोमवार को दिल्ली पुलिस ने कहा कि उसने रिपोर्टों पर संज्ञान लिया और ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ के कथित ऑनलाइन सर्कुलेशन की जांच के लिए FIR दर्ज की.

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नई दिल्ली: प्रकाशक पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया (PRHI) ने सोमवार को साफ किया कि पूर्व सेना प्रमुख जनरल एम.एम. नरवणे की आत्मकथा, जिसका हवाला कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पिछले हफ्ते लोकसभा में दिया था, अभी प्रकाशित नहीं हुई है. साथ ही, प्रकाशक ने इसकी बिना अनुमति प्रसार पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है.

प्रकाशक ने लिखित बयान में कहा, “किताब की कोई भी प्रति — न छपी हुई और न ही डिजिटल — पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया की ओर से प्रकाशित, वितरित, बेची या किसी भी तरह से आम लोगों के लिए उपलब्ध नहीं कराई गई है.”

प्रकाशन गृह ने कहा कि वह किताब के अवैध वितरण के खिलाफ उपलब्ध सभी कानूनी उपाय अपनाएगा. बयान में कहा गया, “फिलहाल जो भी प्रतियां, पूरी या आंशिक रूप में, छपी हुई, डिजिटल, पीडीएफ या किसी भी अन्य फॉर्मेट में, ऑनलाइन या ऑफलाइन, किसी भी प्लेटफॉर्म पर घूम रही हैं, वे PRHI के कॉपीराइट का उल्लंघन हैं और इन्हें तुरंत बंद किया जाना चाहिए.”

यह बयान पिछले हफ्ते संसद में हुए हंगामे के बाद आया है, जब गांधी ने अप्रकाशित आत्मकथा ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ से उद्धरण देने की कोशिश की थी. कांग्रेस नेता ने कहा था कि इस किताब में पूर्व सेना प्रमुख ने 2020 के भारत-चीन टकराव के दौरान देश के नेतृत्व पर अनिर्णय और स्पष्ट निर्देश न देने का आरोप लगाया है.

सोमवार को दिल्ली पुलिस ने कहा कि उसने रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पोस्ट का संज्ञान लिया है और अप्रकाशित आत्मकथा के कथित ऑनलाइन प्रसार की जांच के लिए प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है.

गांधी, जिन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें लोकसभा में बोलने से रोका गया, संसद के बाहर जनरल नरवणे की किताब की हार्डकवर प्रति हाथ में लिए हुए फोटो खिंचवाते नजर आए. इस आत्मकथा को प्रकाशित होने से पहले भारतीय सेना से मंजूरी लेना जरूरी है.

(इस रिपोर्ट को अंग्रेज़ी में पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें)


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