(फाइल फोटो के साथ)
रायपुर, 16 जनवरी (भाषा) छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने शुक्रवार को कहा कि छत्तीसगढ़ में जल जीवन मिशन के तहत अब तक 40 लाख से ज़्यादा घरों में नल कनेक्शन दिए गए हैं, जिससे 32 लाख से ज़्यादा घरों में स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित हुई है।
साव ने नवा रायपुर अटल नगर में प्रेसवार्ता में कहा कि जल जीवन मिशन (जेजेएम) के प्रभावी और पारदर्शी कार्यान्वयन से ग्रामीण इलाकों में पीने के पानी की उपलब्धता में एक ऐतिहासिक बदलाव आया है।
उन्होंने कहा, ”जल जीवन मिशन के अंतर्गत राज्य में अब तक 40 लाख 87 हजार 27 घरेलू नल कनेक्शन प्रदान किए जा चुके हैं, जिससे 32 लाख से अधिक घरों तक नल के माध्यम से शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित हुई है।”
साव ने बताया कि मिशन लागू होने से पहले राज्य में केवल तीन लाख 19 हजार 741 घरेलू नल कनेक्शन थे, जबकि वर्तमान सरकार के कार्यकाल के बीते दो वर्षों में इस संख्या में तेज़ी से वृद्धि हुई है।
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि प्रत्येक ग्रामीण परिवार को सुरक्षित, शुद्ध एवं सतत पेयजल उपलब्ध कराया जाए और छत्तीसगढ़ को शीघ्र ही ‘हर घर जल’ राज्य के रूप में स्थापित किया जाए।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में 6,572 ग्रामों में शत-प्रतिशत घरेलू नल कनेक्शन पूर्ण हो चुका है तथा 5,564 गांवों को ‘हर घर जल ग्राम’ घोषित किया गया है, जिनमें से 4,544 ग्रामों को विधिवत प्रमाणित किया जा चुका है।
साव का कहना था कि जल जीवन मिशन से पूर्व ग्रामीण क्षेत्रों में 3,08,287 हैंडपंप, 4,440 नलजल योजनाएं और 2,132 स्थल जल प्रदाय योजनाएं संचालित थीं। वर्तमान में 70 समूह जल प्रदाय योजनाएं प्रगति पर हैं, जिनसे 3,208 ग्राम लाभान्वित हो रहे हैं तथा नौ लाख 85 हजार से अधिक घरेलू नल कनेक्शन इन योजनाओं के माध्यम से जुड़े हैं।
उपमुख्यमंत्री ने जल गुणवत्ता पर विशेष जोर देते हुए कहा कि राज्य में 77 जल परीक्षण प्रयोगशालाएं संचालित हैं, जिनमें 47 ‘नेशनल एक्रेडिटेशन बोर्ड फॉर टेस्टिंग एंड कैलिब्रेशन लेबोरेटरीज (एनएबीएल)’ मान्यता प्राप्त हैं।
भाषा संजीव राजकुमार
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