scorecardresearch
Saturday, 17 January, 2026
होमदेशजालना महानगरपालिका चुनाव: भाजपा की भारी जीत, 65 में से 41 सीट पर किया कब्जा

जालना महानगरपालिका चुनाव: भाजपा की भारी जीत, 65 में से 41 सीट पर किया कब्जा

Text Size:

जालना, 16 जनवरी (भाषा) महाराष्ट्र की जालना महानगरपालिका चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शानदार जीत हासिल की है। पार्टी ने 65 में से 41 सीट जीतकर पहली बार इस शहर के नगर निकाय में बहुमत हासिल किया है।

यह शहर स्टील री-रोलिंग, बीज और कृषि उद्योगों के लिए प्रसिद्ध है।

जालना में पार्षद चुनाव जीतने वाले चर्चित नामों में पत्रकार-कार्यकर्ता गौरी लंकेश की 2017 में हुई हत्या के मामले में आरोपी श्रीकांत पंगारकर भी शामिल है। पंगारकर ने वार्ड संख्या- 13 से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में भाजपा के रावसाहेब धोबले को हराया है।

राज्य की ‘महायुति’ सरकार में शामिल उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को 12 सीट मिली है और दूसरे स्थान पर है। शिवसेना विधायक अर्जुन खोटकर और उनके कट्टर प्रतिद्वंद्वी कैलाश गोरंत्याल के बीच यह चुनाव प्रतिष्ठा की लड़ाई में तब्दील हो गया था। गोरंत्याल हाल ही में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे।

महानगरपालिका का दर्जा दिये जाने से पहले जालना में नगर परिषद था, जिसपर कांग्रेस का दबदबा था। हालांकि, इस चुनाव में उसे झटका लगा है और वह महज नौ सीट पर सिमट गई है। राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, गोरंत्याल के जाने के बाद पार्टी ने बिना किसी स्पष्ट स्थानीय नेतृत्व के चुनाव लड़ा।

उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (उबाठा) ने 12 सीट पर अपने उम्मीदवार उतारे थे, लेकिन खाता खोलने में असफल रही। पार्टी के जिला अध्यक्ष भास्कर आंबेडकर के एकनाथ शिंदे गुट में शामिल होने के बाद पार्टी की संभावनाएं क्षीण हो गईं।

उपमुख्यमंत्री अजित पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) और शरद पवार के नेतृत्व वाले राकांपा (शरदचंद्र पवार) को भी करारी हार का सामना करना पड़ा। बीआर आंबेडकर के पोते प्रकाश आंबेडकर की पार्टी वंचित बहुजन आघाडी (वीबीए)ने 17 उम्मीदवार उतारे थे, लेकिन वह भी खाता नहीं खोल सकी।

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिममीन (एआईएमआईएम) ने 17 सीट पर चुनाव लड़ा और दो सीट पर जीत हासिल की।

राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि भाजपा द्वारा चार मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट देने से अल्पसंख्यक वोट बंट गए। इन चारों में से मजहर सैयद विजयी हुए।

जालना नगर निकाय में जीत दर्ज करने वाले प्रमुख नेताओं में कैलाश गोरंत्याल की पत्नी संगीता गोरंत्याल और पुत्र अक्षय गोरंत्याल तथा विधायक अर्जुन खोटकर की पुत्री दर्शना खोटकर शामिल हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री रावसाहेब दानवे के चचेरे भाई भास्कर दानवे और उनकी पत्नी सुशीला दानवे भी विजयी हुए हैं।

भाषा धीरज दिलीप

दिलीप

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments