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Wednesday, 14 January, 2026
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आईएमएफ ने जीडीपी आंकड़ों पर सवाल नहीं उठाए: वित्त मंत्री

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नयी दिल्ली, तीन दिसंबर (भाषा) वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को कहा कि अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने भारत के स्वस्थ आर्थिक प्रदर्शन की सराहना की है और उसके वृद्धि संबंधी आंकड़ों पर सवाल नहीं उठाया है।

वित्त मंत्री सीतारमण ने लोकसभा में कहा कि आईएमएफ ने सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) और सकल मूल्य वर्धन (जीवीए) सहित भारत के राष्ट्रीय खातों को ‘सी’ ग्रेड देते हुए एक पुराने आधार वर्ष को चिह्नित किया है।

उन्होंने कहा कि 27 फरवरी, 2026 से भारत के राष्ट्रीय खातों की गणना के लिए 2022-23 को नया आधार वर्ष माना जाएगा।

वह राकांपा-एसपी सदस्य सुप्रिया सुले के सवाल का जवाब दे रही थीं, जिन्होंने सदन में केंद्रीय उत्पाद शुल्क (संशोधन) विधेयक, 2025 पर चर्चा के दौरान आईएमएफ ग्रेड को लेकर चिंता जताई थी।

सीतारमण ने कहा कि आईएमएफ रिपोर्ट ज्यादातर बेहतर प्रदर्शन करने वाली अर्थव्यवस्थाओं पर ध्यान केंद्रित करता है।

उन्होंने कहा कि आईएमएफ ने यह भी गौर किया कि महंगाई स्तर रिजर्व बैंक के संतोषजनक स्तर से काफी नीचे है और पूरे साल के लिए इसके 4.3 प्रतिशत रहने का अनुमान है।

वित्त मंत्री ने कहा, ‘‘आईएमएफ ने हमारे आर्थिक वृद्धि आंकड़ों पर सवाल नहीं उठाया। इसके विपरीत उन्होंने कहा कि हम 6.5 प्रतिशत की दर से बढ़ेंगे। उन्होंने हमारे मुद्रास्फीति प्रबंधन की सराहना की। इसलिए, सब कुछ डेटा संग्रहण और इसे आधार वर्ष पर रखने से जुड़ा है, जो पुराना हो चुका है।’’

भाषा

अविनाश रमण

रमण

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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