नयी दिल्ली, 19 सितंबर (भाषा) कृषि और ग्रामीण श्रमिकों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति अगस्त में बढ़कर क्रमश: 1.07 प्रतिशत और 1.26 प्रतिशत हो गई। इससे पिछले महीने जुलाई में यह क्रमशः 0.77 प्रतिशत और 1.01 प्रतिशत थी। श्रम मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को यह कहा।
मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, कृषि श्रमिकों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक अगस्त 2025 में 1.03 अंक बढ़कर 136.34 हो गया, जबकि ग्रामीण श्रमिकों के लिए सूचकांक 0.94 अंक बढ़कर 136.60 पर पहुंच गया।
कृषि श्रमिकों के लिए खाद्य सूचकांक में आलोच्य महीने में 1.39 अंक और ग्रामीण मजदूरों के लिए 1.29 अंक की वृद्धि हुई।
बयान के अनुसार, अगस्त 2025 में कृषि श्रमिकों और ग्रामीण श्रमिकों के लिए सालाना आधार पर मुद्रास्फीति दर क्रमशः 1.07 प्रतिशत और 1.26 प्रतिशत रही।
कृषि श्रमिकों के लिए खाद्य मुद्रास्फीति अगस्त में 0.55 प्रतिशत घटी और ग्रामीण श्रमिकों के लिए इसमें 0.28 प्रतिशत की कमी आई।
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के अंतर्गत आने वाला श्रम ब्यूरो कृषि श्रमिकों और ग्रामीण श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक संख्या जारी करता है।
ये सूचकांक 34 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के 787 गांवों से लिए गए आंकड़ों पर आधारित है।
भाषा योगेश रमण
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