ढाका, आठ अगस्त (भाषा) बांग्लादेश में नवनियुक्त प्रमुख के आह्वान पर पुलिसकर्मी कार्यस्थलों पर धीरे-धीरे लौटने लगे हैं। देश में राजनीतिक अस्थिरता और सड़कों पर हिंसा के बीच सरकारी मीडिया की खबरों में यह जानकारी दी गई।
विद्यार्थियों के नेतृत्व वाले विरोध प्रदर्शन के कारण सोमवार को शेख हसीना सरकार के पतन के बाद कई पुलिस थानों पर हमला किया गया और उनमें आग लगा दी गई। इसके चलते कई अधिकारियों ने और अधिक हमलों के खतरे को देखते हुए अपने थाने छोड़ दिये।
छात्र आंदोलन के दौरान हुई हिंसा में पुलिसकर्मियों सहित 400 से अधिक लोग मारे गए। नवनियुक्त पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) मोहम्मद मैनुल इस्लाम ने बुधवार को अधिकारियों को अगले 24 घंटे के भीतर अपनी-अपनी इकाइयों से जुड़ने का आदेश दिया।
पुलिस मुख्यालय द्वारा बृहस्पतिवार को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, राजनीतिक दलों के नेताओं और छात्रों सहित अन्य लोग काम पर लौटने वाले पुलिसकर्मियों की हर संभव सहायता कर रहे हैं ताकि वे सुरक्षित रूप से अपने कार्यस्थलों पर पहुंच सकें।
बीएसएस समाचार एजेंसी ने विज्ञप्ति का हवाला देते हुए बताया कि नवनियुक्त आईजीपी के आह्वान पर पुलिसकर्मी बृहस्पतिवार से अपने कार्यस्थल पर लौट रहे हैं।
इस बीच, प्रत्यक्षदर्शियों के हवाले से ‘द डेली स्टार’ अखबार ने खबर दी कि सादे कपड़ों में कुछ पुलिसकर्मी राजारबाग पुलिस लाइन में पहुंचे और उपस्थिति रजिस्टर में हस्ताक्षर किये। हालांकि, सुरक्षा चिंताओं के कारण वे अपने-अपने संबंधित कार्यस्थलों जैसे कि थानों पर नहीं जा रहे हैं। इस्लाम ने आश्वासन दिया कि हर हत्या की समुचित जांच की जाएगी।
भाषा संतोष प्रशांत
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