रामल्ला, 15 जुलाई (भाषा) भारत सरकार ने फलस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र राहत एवं कार्य एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) को वर्ष 2024-25 के लिए 50 लाख अमरीकी डॉलर के अपने वार्षिक योगदान के हिस्से के रूप में 25 लाख अमरीकी डॉलर की पहली किस्त जारी की है। यहां भारत के प्रतिनिधि कार्यालय ने सोमवार को यह जानकारी दी।
पंजीकृत फलस्तीनी शरणार्थियों के लिए 1950 से प्रत्यक्ष राहत और कार्य कार्यक्रम चला रहे यूएनआरडब्ल्यूए गाजा में इजराइल-हमास युद्ध के बीच में भी अपने कामकाज को जारी रखने का प्रयास कर रहा है।
रामल्ला में भारत के प्रतिनिधि कार्यालय ने ‘एक्स’ पर अपने बयान में कहा: “भारत सरकार ने फलस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) को वर्ष 2024-25 के लिए 50 लाख अमरीकी डॉलर के अपने वार्षिक योगदान के हिस्से के रूप में 25 लाख अमरीकी डॉलर की पहली किस्त जारी की है।”
पिछले कुछ वर्षों में, फलस्तीनी शरणार्थियों और उनके कल्याण के समर्थन के अपने प्रयास में, भारत ने फलस्तीनी शरणार्थियों को प्रदान की जाने वाली शिक्षा, स्वास्थ्य देखभाल, राहत और सामाजिक सेवाओं सहित संयुक्त राष्ट्र एजेंसी के प्रमुख कार्यक्रमों और सेवाओं के लिए 2023-24 तक 3.5 करोड़ अमरीकी डॉलर की वित्तीय सहायता प्रदान की है।
भाषा प्रशांत माधव
माधव
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
