रांची, 30 जनवरी (भाषा) झारखंड में सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) नीत गठबंधन के सहयोगी दलों के विधायकों ने मंगलवार को एक बैठक में हेमंत सोरेन सरकार के प्रति एकजुटता व्यक्त की।
इन विधायकों ने मुख्यमंत्री की पत्नी कल्पना सोरेन को कमान सौंपे जाने की अटकलों के बीच बिना किसी के नाम वाले एक समर्थन पत्र पर हस्ताक्षर भी किए।
इससे पहले आज कल्पना सोरेन विधायकों की एक बैठक में शामिल हुईं। वह विधायक नहीं हैं।
कथित भूमि धोखाधड़ी के एक मामले के संबंध में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा मुख्यमंत्री से पूछताछ किए जाने से एक दिन पहले मंगलवार को दो दौर की बैठक हुई।
परिवहन मंत्री एवं झामुमो के वरिष्ठ नेता चम्पई सोरेन ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘जो भी होता है, हम उसके लिए तैयार हैं…भाजपा लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित सरकार को गिराने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है लेकिन हम उन्हें उनके मिशन में कामयाब नहीं होने देंगे।’’
मंत्री ने कहा कि बैठक मौजूदा परिस्थितियों में मुख्यमंत्री के प्रति एकजुटता व्यक्त करने के लिए बुलायी गयी थी।
एक अन्य विधायक ने नाम न उजागर करने की शर्त पर कहा, ‘‘कोई प्रस्ताव नहीं रखा गया। हम एकजुट हैं। हमने एक समर्थन पत्र पर हस्ताक्षर भी किए हैं जिस पर कोई नाम नहीं था, ऐसी स्थिति के लिए कहीं उसकी जरूरत पड़ जाए।’’
स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि मौजूदा परिदृश्य में कोई भी फैसला परिस्थितियों के अनुसार लिया जाएगा। कांग्रेस के मंत्री ने कहा, ‘‘हम मुख्यमंत्री के प्रति एकजुटता जताने के लिए कल फिर उनके आवास पर मिलेंगे।’’
कल्पना सोरेन को मुख्यमंत्री बनाए जाने की अटकलों पर विधायकों ने कहा कि बैठक में ऐसी कोई चर्चा नहीं की गयी।
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