मुंबई, 12 जनवरी (भाषा) कोटक इन्वेस्टमेंट बैंकिंग को 2023 में आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) में 30 प्रतिशत वृद्धि की उम्मीद है। बीते साल आईपीओ गतिविधियों में गिरावट आई थी।
कोटक इन्वेस्टमेंट बैंकिंग के इक्विटी पूंजी बाजार प्रमुख वी जयशंकर ने संवाददाताओं से कहा कि भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) द्वारा मंजूरी प्राप्त करीब नौ अरब डॉलर के आईपीओ पाइपलाइन में हैं, जबकि छह अरब डॉलर के लिए और आवेदन किए जा चुक हैं। कुल मिलाकर 10 अरब डॉलर के आईपीओ आ सकते हैं।
भारतीय कंपनियों ने 2021 के दौरान आईपीओ के जरिये 16.5 अरब डॉलर जुटाए थे। यह आंकड़ा 2022 में बाजार में भारी अस्थिरता के चलते घटकर 7.6 अरब डॉलर रह गया।
उन्होंने कहा कि ज्यादातर निर्गम 1,000 करोड़ रुपये से कम और 1,000-2,000 करोड़ रुपये के बीच हैं। वहीं कुछ बड़े 2,000-5,000 करोड़ रुपये के निर्गम भी होंगे।
जयशंकर ने मूल्यांकन के बारे में कहा कि 2022 में कई आईपीओ ने निवेशकों को काफी अच्छी प्रतिफल या रिटर्न दिया।
कंपनी के प्रबंध निदेशक और प्रमुख एस रमेश ने कहा कि भारत निवेश-बैंकरों के लिए एक मजबूत बाजार बन गया है।
भाषा रिया अजय
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