लखनऊ, दो जून (भाषा) उत्तर प्रदेश के विशेष कार्यबल (एसटीएफ) ने बृहस्पतिवार को उत्तर प्रदेश के मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों का निजी स्टाफ बताकर लोगों को नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
एसटीएफ द्वारा जारी एक बयान के मुताबिक, तीनों आरोपी, भोले-भाले युवाओं को सरकारी नौकरी देने का वादा करते हुए खुद को मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों का निजी कर्मचारी या करीबी सहयोगी के रूप में पेश करते थे।
बयान के अनुसार, आरोपियों ने मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से कई लाख रुपये की ठगी की है।
उसमें कहा गया है, ‘आरोपी कई युवाओं के संपर्क में थे और उनमें से कई से सरकारी नौकरी का वादा करके पैसे लिए थे। आरोपियों के पास से बरामद मोबाइल फोन से उनके काम के बारे में जानकारी ली जा रही है।’
बयान के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बलिया निवासी राम व्यास उर्फ गुड्डू सिंह, जौनपुर निवासी शैलेश यादव और मऊ निवासी आदित्य श्रीवास्तव के रूप में हुई है। तीनों आरोपी फिलहाल लखनऊ में रह रहे थे।
एसटीएफ सूत्रों के अनुसार, तीनों को एक खुफिया जानकारी के बाद लखनऊ के विभूति खंड इलाके से गिरफ्तार किया गया। एसटीएफ ने तीनों के खिलाफ धोखाधड़ी और भादस की अन्य धाराओं के तहत विभूति खंड थाने में प्राथमिकी दर्ज की है।
भाषा जफर अर्पणा
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