मुंबई, 31 मार्च (भाषा) मुंबई की एक अदालत ने बृहस्पतिवार को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की वह अर्जी स्वीकार कर ली, जिसमें महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को उनके और अन्य के खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार के मामले की जांच के लिए उसकी हिरासत में देने का अनुरोध किया गया है।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के वरिष्ठ नेता देशमुख (71) और उनके दो सहयोगी संजीव पलांडे और कुंदन शिंदे वर्तमान में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा जांच की जा रही धन शोधन मामले में न्यायिक हिरासत में जेल में हैं।
सीबीआई ने बृहस्पतिवार को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डी पी सिंघाडे के समक्ष एक अर्जी दायर की। इसके जरिये, सीबीआई ने धन शोधन मामले की सुनवाई कर रही विशेष पीएमएलए अदालत से देशमुख और उनके दो सहयोगियों को भ्रष्टाचार मामले की जांच कर रहे अपने जांच अधिकारी (आईओ) की हिरासत में भेजने का अनुरोध किया गया।
न्यायाधीश सिंघाडे ने सीबीआई की अर्जी स्वीकार कर ली और संबंधित अदालतों को अनुरोध पत्र जारी किया।
मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह ने पिछले साल मार्च में आरोप लगाया था कि तत्कालीन गृह मंत्री देशमुख ने पुलिस अधिकारियों को शहर के रेस्तरां और बार से हर महीने 100 करोड़ रुपये की उगाही करने का लक्ष्य दिया था। बंबई उच्च न्यायालय के आदेश के बाद सीबीआई ने देशमुख के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज की थी।
भाषा आशीष सुभाष
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